US-Israel-Iran War: अमेरिका और ईरान के बीच 40 दिन से जारी युद्ध अब थम सकता है. अमेरिका-इजरायल और ईरान पर संयुक्त हमलों से शुरू हुई जंग में अब सीजफायर का ऐलान हो गया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ और आर्मी चीफ की अपील के बाद यह फैसला लिया गया है. बता दें कि सीजफायर से पहले ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी दी थी कि अगर होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों को सुरक्षित निकलने का रास्ता नहीं दिया गया तो उनकी पूरी सभ्यता को खत्म कर देंगे. ट्रंप ने इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले की धमकी दी थी. धमकियों के बाद ट्रंप अचानक पीछे बच गए और कहा कि वे ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई रोक देंगे, जो कूटनीति के लिए संभावित मौके का संकेत है.
ईरान के नए सुप्रीम लीडर ने युद्ध विराम को मंजूरी दी
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ पर पोस्ट कर लिखा कि मैं दो हफ्तों के लिए ईरान पर बमबारी और हमले रोकने के लिए सहमत हूं. उन्होंने यह फैसला पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ और आर्मी चीफ आसिम मुनीर के साथ बातचीत के बाद लिया है. उन्होंने नियोजित हमलों को टालने का आग्रह किया था. वहीं ईरान ने भी पाकिस्तान के 2 हफ्तों के युद्ध विराम प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है. ईरान के नए सुप्रीम लीडर ने इस युद्ध विराम को मंजूरी दी है. साथ ही ईरान की तरफ से स्पष्ट तौर पर कहा गया है कि इस युद्ध विराम को जंग खत्म करने का संकेत नहीं माना जाना चाहिए.
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ईरान ने युद्ध रोकने के लिए 10 प्वाइंट का प्रस्ताव भेजा
युद्ध विराम प्रस्ताव में सभी प्राथमिक और माध्यमिक प्रतिबंधों को हटाने, मुआवजा देने और ईरान की सभी जब्त संपत्तियों को जारी करने की मांग की गई है. ईरान ने युद्ध रोकने के लिए 10 प्वाइंट का प्रस्ताव भेजा है. ईरान की मांगो को अंतिम रूप देने के लिए अमेरिका के साथ 10 अप्रैल को इस्लामाबाद में बातचीत होगी.
“ईरान अब संघर्ष से थक चुका है शांति चाहता है”
सीजफायर के बाद डोनाल्ड ट्रंप ने इसे दुनिया की शांति के लिए बड़ा दिन बताया है. उन्होंने ट्रुथ पर पोस्ट कर लिखा कि ईरान अब संघर्ष से थक चुका है और शांति चाहता है. साथ ही अन्य पक्ष भी तनाव को खत्म करने के पक्ष में है. अमेरिका होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही को संभालने में मदद करेगा, ताकि व्यापार और सप्लाई सामान्य बनी रहे.



