Relu Ram Poonia Murder Case: जब घर में बेटी पैदा होती है तो अपने साथ-साथ खुशियां रहमत और बरकत लेकर पैदा होती है. लेकिन हम आपको एक ऐसी कहानी बताने जा रहे हैं जिसे सुनकर आप कहेंगे ऐसी बेटी दुश्मन के भी पैदा न हो. एक बेटी का अपने परिवार से सबसे पवित्र,सबसे भरोसेमंद रिश्ता माना जाता है.. लेकिन वहीं रिश्ता जब लालच और साजिश का औज़ार बन जाए तो इंसानियत पर सवाल खड़े हो जाते हैं. हरियाणा के पूर्व विधायक रेलूराम पूनिया की बेटी सोनिया को संपत्ति की भूख ने इस कदर अंधा कर दिया कि उसने अपने ही माता-पिता, भाई-भाभी और उनके मासूम बच्चों की जान ले ली.
भतीजे और परिवार के लोगों में दहशत
करीब 24 साल पुराना रेलूराम पूनिया हत्याकांड (Relu Ram Poonia Murder Case) फिर सुर्खियों में बना हुआ है.. दरअसल, घर को श्मशान बनाने वाली सोनिया और उसके पति की जेल से रिहाई हो गई है. जिसके बाद से रेलूराम पूनिया हत्याकांड की याद एक बार फिर लोगों की जह्रन में जिंदा हो गई है. सोनिया का खौफ इतना है कि भतीजे और परिवार के लोग दहशत में जी रहे हैं. यही नहीं उनके घर पर सुरक्षा के लिए पीसीआर तक तैनात कर दी गई है.
विधायक बनने के बाद बनवाई थी कोठी
दूसरी तरफ सोनिया को जमानत मिलने के बाद रेलूराम पूनिया की कोठी फिर चर्चाओं में है. साल 1996 में हरियाणा विधानसभा चुनाव में बरवाला से निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर रेलू राम ने जीत दर्ज की थी और उसके बाद हिसार में 2 एकड़ जमीन पर कोठी बनवाई थी. कहते हैं कि इस कोठी के दूसरे फ्लोर तक कारें जाती थीं. गांव वालों का कहना है कि भले ही इस हत्याकांड (Relu Ram Poonia Murder Case) को 24 साल बीत गए हों, लेकिन जब भी वे कोठी के पास से गुजरते हैं तो ऊपरी मंजिल के कमरे में बिछी लाशों का खौफनाक मंजर याद आ जाता है. मासूम बच्चों तक को बेरहमी से मार डाला गया था.
23 अगस्त 2001 को रात के 12 बजे के करीब पूर्व विधायक रेलू राम पुनिया और उनकी पत्नी में किसी बात पर बहस हो रही थी. घर में उनका बेटा-बहू और परिवार के 8 लोग मौजूद थे, लेकिन किसी को नहीं पता था कि ये उनकी जिदंगी की आखिरी रात होगी. उसी रात घर में एंट्री हुई रेलू राम की बेटी सोनिया और उसके पति संजीव की. उसके बाद जो कुछ हुआ, वो डराने वाला था. एक के बाद एक, कुल आठ लोगों के लाशें घर में बिछा दी गई. फर्श पर मानों खून की नदियां बह रही हो.
सोनिया ने संजीव से की थी लव मैरिज
दरअसल, रेलू राम की बेटी सोनिया ने संजीव के साथ लव मैरिज की थी.परिवार इस शादी के खिलाफ था.सोनिया जूडो खिलाड़ी थी.संजीव के साथ उसकी ट्रेनिंग के दौरान मुलाकात हुई. संजीव के साथ शादी के बाद सोनिया पिता रेलू राम पुनिया की संपति में हिस्सा चाहती थी. लेकिन पिता उसे प्रॉपर्टी में हिस्सा नहीं देना चाहते थे. 23 अगस्त को सोनिया का जन्मदिन था वो अपने पति के साथ यूपी के सहारनपुर से हिसार आई थी. सोनिया को लितानी गांव में पिता के फार्महाउस पहुंचते-पहुंचते रात के 12 बज गए थे. जब वो घर पहुंची तो देखा कि उनके पिता और मां में कहासुनी हो रही थी. वो प्रॉपर्टी को लेकर झगड़ रहे थे.
तभी सोनिया ने अपने पति के साथ मिलकर पिता समेत पूरे परिवार को मारने (Relu Ram Poonia Murder Case) की प्लानिंग बनाई. सोनिया ने पति संजीव के साथ मिलकर पिता रेलू राम पूनिया, मां कृष्णा देवी, भाई सुनील भाभी शकुंतला, भतीजे लोकेश,भतीजी शिवानी,प्रियंका और 45 दिन की प्रीति की रॉड से हत्या कर दी. इसके बाद वो पति के साथ वहां से फरार हो गई पहले सोचा कि अब खुद की जिदंगी को भी खत्म कर देगी,लेकिन ऐसा नहीं कर पाई. सोनिया दोबारा घर लौटी और जहर की आधी शीशी पीकर जान देने के कोशिश की. लेकिन, वो अपनी इस कोशिश में भी कामयाब नहीं हुई.
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सोनिया थी हत्याकांड की मास्टरमाइंड
क्योंकि सुबह जब दूध वाला आया तो उसने सोनिया को ऊपर वाले कमरे में गेट के पास पड़ा देखा. उसके मुंह से झाग निकल रहे थे. शोर मचाने पर गांव वाले भी मौके पर पहुंचे और देखा कि घर में 8 लोगों के शव पड़े थे. गांव के लोग अपनी एक जिप्सी में सोनिया को बरवाला अस्पताल लेकर गए. सोनिया ने ऐसा नाटक किया जैसे वो ही जीवित बची है. सभी ने इसे सच मान लिया. लेकिन कुछ घंटों बाद उसकी कहानी झूठी साबित हुई. बाद में पता चला कि इस हत्याकांड (Relu Ram Poonia Murder Case) के पीछे कोई और नहीं बल्कि सोनिया है. शुरुआती दौर में खुद जांच एजेंसियों को भी यकीन नहीं हुआ कि एक महिला इतने बड़े हत्याकांड की मास्टरमाइंड हो सकती है. लेकिन जैसे-जैसे परतें खुलती गईं, लालच, क्रूरता और निर्ममता की कहानी सामने आती गई.
संपत्ति हड़पने के लिए परिवार को मारा
आखिरकार पुलिस ने सोनिया और उसके पति संजीव को गिरफ्तार किया. पूछताछ में सोनिया ने बताया कि साजिश के तहत उसने जमीन-जायदाद हड़पने के मकसद से पूरे परिवार का कत्ल कर दिया. देशभर में सुर्खियों में रहे पूर्व विधायक रेलूराम परिवार हत्याकांड (Relu Ram Poonia Murder Case) के दोषी सोनिया और संजीव अब जेल से रिहा हो चुके हैं. दोनों की रिहाई के बाद भतीजे और परिवार के सदस्यों में दहशत का माहौल है. उन्हें आशंका है कि संपत्ति के लिए सोनिया और संजीव उन पर भी हमला करवा सकते हैं. रेलूराम पूनिया हत्याकांड जैसी घटना से पता चलता है कि जब इंसान के भीतर का लालच रिश्तों से बड़ा हो जाए, तो बेटी, बहन जैसे पवित्र शब्द भी अपनी गरिमा खो देते हैं. यही वजह है कि लोग कहने को मजबूर हैं ऐसी बेटी दुश्मन के भी पैदा न हो.



