US Iran War: अमेरिका और ईरान के बीच जंग एक बार फिर तेज होती नजर आ रही है. दोनों देशों की तरफ से एक-दूसरे के सैन्य ठिकानों पर हमले किए जा रहे हैं. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो अमेरिका ने ईरान के 10 ठिकानों पर हमले किए. जिसके जवाब में ईरान ने भी अमेरिका के 8 सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है. ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है उसने बहरीन और कुवैत के 8 सैन्य ठिकानों को नष्ट कर दिया. ईरान के सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अमेरिका और इजरायल पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने लिखा कि अभी हालिया हमलों पर दोनों देशों के नेताओं ने जिस तरह से बयान दिए हैं, वो अपराध स्वीकार करने जैसा है. ईरान पर किए गए हमले, हर मौत और नुकसान के लिए घेरलू और अंतरराष्ट्रीय अदालतों में कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
ईरान की अपील- हमारी जमीन से हमले न होने दें
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची की ओर से क्षेत्रीय देशों से अपील की गई है वो अपनी जमीन, सैन्य ठिकानों और हवाई क्षेत्र का इस्तेमाल किसी अन्य कार्रवाई के लिए न होने दें. अराघची ने इराक में प्रधानमंत्री अली फालेह अल-जायदी से मुलाकात के दौरान कहा कि पड़ोसी देशों की जिम्मेदारी है कि वे क्षेत्र में सुरक्षा और शांति बनाए रखें. यहीं नहीं उन्होंने जोर देते हुए कहा कि किसी भी देश को अपनी सरजमीं से ईरान पर गैरकानूनी हमले करने की अनुमति नहीं देनी चाहिए.
क्या पिता के अंतिम संस्कार में पहली बार दिखेंगे ईरानी सुप्रीम लीडर?
ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार से पहले उनके बेटे और संभावित उत्तराधिकारी मुजतबा खामेनेई को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं. फरवरी में हुए हमले में घायल होने के बाद से मुजतबा सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आए हैं. माना जा रहा है कि 4 से 9 जुलाई तक चलने वाले अंतिम संस्कार समारोह में वह पहली बार सार्वजनिक रूप से दिखाई दे सकते हैं. कार्यक्रम के तहत पहले तेहरान में श्रद्धांजलि दी जाएगी, फिर क़ोम और इराक के पवित्र स्थलों पर धार्मिक रस्में होंगी और 9 जुलाई को मशहद में इमाम रज़ा की दरगाह के पास उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा.
तनाव बढ़ा तो कच्चे तेल में आई तेजी
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार पर भी दिखाई देने लगा है. होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही प्रभावित होने से सोमवार को कच्चे तेल की कीमतों में उछाल दर्ज किया गया. अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड 58 सेंट यानी 0.8 प्रतिशत बढ़कर 72.57 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गया, जबकि वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) 88 सेंट यानी 1.3 प्रतिशत की बढ़त के साथ 70.11 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार करता दिखा. विशेषज्ञों का मानना है कि क्षेत्रीय तनाव बढ़ने पर ऊर्जा बाजार में और अस्थिरता देखने को मिल सकती है.
बहरीन को ईरान की कड़ी चेतावनी
ईरान ने बहरीन को सख्त लहजे में चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर उसे उकसाया गया तो पहले से ज्यादा कड़ा जवाब दिया जाएगा. सुप्रीम लीडर के सलाहकार अली अकबर विलायती ने कहा कि बहरीन ऐसे कदम उठाने से बचे, जिनसे ईरान को कठोर कार्रवाई के लिए मजबूर होना पड़े. ईरान का आरोप है कि बहरीन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों का इस्तेमाल उसके खिलाफ हमलों के लिए किया जा रहा है. वहीं बहरीन ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि उसके क्षेत्र पर हुए हमले उसकी संप्रभुता का उल्लंघन हैं और इससे क्षेत्र में तनाव कम करने की कोशिशों को नुकसान पहुंच रहा है.
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