E20 Petrol: नई दिल्ली में आज (10 जुलाई) इंडियन यूथ कांग्रेस (IYC) के सदस्यों ने अपने दफ्तर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया. उन्होंने केंद्रीय सड़क,परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के चेहरे वाले मास्क पहने हुए हैं, उनके हाथों में नोट और इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल वाली बोतलें थी और उन्होंने अपने प्रदर्शन के दौरान गन्ने का रस निकालने वाली मशीन का भी इस्तेमाल किया.
NITINOL जी, देश की जनता की गाड़ियाँ आपकी निजी प्रयोगशाला नहीं हैं…
जनता की गाड़ियों को कबाड़ बनाकर, आम आदमी की जेब खाली करके, और अपने बेटे को फायदा पहुँचाने वाली हर नीति का हम निरंतर विरोध करेंगे!
आज दिल्ली युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने📍IYC मुख्यालय से इसी आवाज़ को बुलंद… pic.twitter.com/bIQ8DSqNXp
— Indian Youth Congress (@IYC) July 10, 2026
“आम आदमी की गाड़ी कोई प्रयोगशाला नहीं “
IYC के सदस्यों ने कहा कि एथेनॉल के नाम पर जनता को धोखा दिया जा रहा है. नितिन गडकरी लोगों के साथ खेल कर रहे हैं और उन्हें लूट रहे हैं. ताकि वे अपने बेटों की जेबें भर सकें, जिनका एथेनॉल का कारोबार है. इंडियन यूथ कांग्रेस दिल्ली के अध्यक्ष अक्षय लाकरा ने कहा कि E20 पेट्रोल के आने से देश की ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री को बहुत बड़ा झटका लगा है. सड़क पर महंगी गाड़ियां खराब हो रही है. जब करोड़ों लोग अपनी मेहनत की कमाई से खरीदी गई गाड़ियों के इंजन,मेंटेनेंस और बढ़ते खर्च को लेकर चिंता जता रहे हैं. तब उनकी आवाज़ सुनने के बजाय उन पर यह नीति क्यों थोपी जा रही है? आम आदमी की गाड़ी कोई प्रयोगशाला नहीं है. यह प्रयोगशाला बंद करो!
अक्षय लाकरा ने आगे कहा कि अगर हमें नितिन गडकरी को पैसे देने ही है तो पेट्रोल कंपनियों के जरिए क्यों दें. हम सीधे ही नितिन गडकरी को पैसे देने के लिए आए हैं. मिलावटी पेट्रोल के लिए नितिन गडकरी ही जिम्मेदार है.
E20 पेट्रोल के विरोध पर नितिन गडकरी की भी आई प्रतिक्रिया
गाड़ियों में E20 पेट्रोल के इस्तेमाल और इससे इंजन को होने वाले नुकसान को लेकर पूरे देश में बहस चल रही है. इसी बीच केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नीतिन गडकरी ने स्वीकार किया कि एथेनॉल का माइलेज पर थोड़ा असर पड़ता है. उन्होंने कहा कि यह सड़क और ट्रैफिक की स्थितियों पर भी निर्भर करता है. एथेनॉल की कैलोरीफिक वैल्यू कम होती है और माइलेज पर इसका थोड़ा असर पड़ता है. उन्होंने कहा कि अलग-अलग इलाकों में वैकल्पिक फ्यूल चुनने का भी विकल्प होना चाहिए.
यह भी पढ़ें: राजपाल यादव फिर जाएंगे जेल, सलाखों की पीछे कटेंगे 3 महीने, HC ने जुर्माना भी लगाया



