Iran-Israel War: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को ईरान के खिलाफ बड़े सैन्य हमले से बचने की सलाह दी है. मीडिया रिपोर्टों के अनुसार दोनों नेताओं के बीच फोन पर हुई बातचीत में ट्रंप ने संयम बरतने और जल्दबाजी में कोई बड़ा सैन्य कदम न उठाने की अपील की. यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब ईरान और इजराइल के बीच तनाव फिर से बढ़ गया है और दोनों देशों ने एक-दूसरे पर हमलों के संकेत दिए हैं.
फोन कॉल में संयम की सलाह
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, डोनाल्ड ट्रंप ने बेंजामिन नेतन्याहू को कहा ‘बीबी,तुम्हें सावधान रहना चाहिए, नहीं तो जल्द ही तुम अकेले पड़ जाओगे. यह बातचीत ऐसे समय में हुई है जब इजराइल ईरान के कई संवेदनशील ठिकानों पर बड़े पैमाने पर जवाबी हमले की तैयारी कर रहा था.
ईरान-इस्राइल में फिर बढ़ा तनाव
बता दें कि दो महीने पहले हुए युद्धविराम के बाद एक बार फिर ईरान और इजराइल के बीच तनाव तेज हो गया. रविवार को ईरान की ओर से मिसाइल हमलों की खबरों के बाद इस्राइल ने जवाबी कार्रवाई में ईरान के पश्चिमी और मध्य हिस्सों में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया. हालांकि बाद में दोनों देशों ने संकेत दिए कि फिलहाल सैन्य कार्रवाई रोकने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं.
कूटनीतिक प्रयास और अंतरराष्ट्रीय दबाव
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, कई देशों ने अमेरिका से हस्तक्षेप की अपील की थी ताकि स्थिति नियंत्रण में रहे. ट्रंप ने यह भी संकेत दिया कि ईरान और इजराइल के बीच किसी संभावित समझौते पर बातचीत चल रही है, इसलिए बड़े हमले से यह प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है. उन्होंने कहा कि शांति बहाली के लिए दोनों पक्षों को संयम रखना होगा.
इजराइल का रुख और ईरान की प्रतिक्रिया
इजराइल पक्ष ने ट्रंप-नेतन्याहू बातचीत को सामान्य कूटनीतिक चर्चा बताया है. इस्राइल के राजदूत ने कहा कि करीबी संबंधों में मतभेद होना स्वाभाविक है और देश आत्मरक्षा के अधिकार से पीछे नहीं हटेगा. वहीं ईरानी नेतृत्व ने भी सख्त रुख अपनाते हुए संकेत दिया है कि यदि हमला जारी रहा तो वह लंबा संघर्ष करने के लिए तैयार है. ईरान की ओर से अमेरिका पर भरोसे की कमी भी जताई गई है, जिससे क्षेत्र में अस्थिरता बनी हुई है.



