Iran America War Update: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है. अमेरिकी सेंट्रल कमांड CENTCOM ने दावा किया है कि उसने होर्मुज स्ट्रेट के पास ईरानी ड्रोन हमले को नाकाम करते हुए जवाबी कार्रवाई की है. इसके साथ ही ईरानी कोस्टल रडार साइट्स पर भी हमला किए जाने की बात सामने आई है. वहीं,पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने माना है कि ईरान की सैन्य क्षमता अभी भी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है. इस बीच कुवैत और बहरीन की ओर मिसाइल हमलों के आरोपों ने क्षेत्रीय तनाव को और बढ़ा दिया है. सीजफायर के बीच यह घटनाक्रम पश्चिम एशिया में नए संकट की आशंका पैदा कर रहा है.
होर्मुज स्ट्रेट में ड्रोन हमला और जवाबी कार्रवाई
CENTCOM के अनुसार, ईरान की ओर से होर्मुज स्ट्रेट की दिशा में चार वन-वे अटैक ड्रोन लॉन्च किए गए थे, जिन्हें अमेरिकी सेना ने हवा में ही नष्ट कर दिया.इसके बाद अमेरिकी बलों ने ईरानी तटीय निगरानी रडार साइट्स,गोरुक और केशम आइलैंड पर जवाबी हमला किया.अमेरिकी पक्ष का कहना है कि यह कार्रवाई आत्मरक्षा में की गई, क्योंकि ड्रोन से समुद्री व्यापार और शिपिंग मार्गों को गंभीर खतरा था.
ट्रंप का बयान और ईरान की सैन्य क्षमता
डोनाल्ड ट्रंप ने NBC न्यूज को दिए इंटरव्यू में स्वीकार किया कि ईरान की सैन्य क्षमता पूरी तरह खत्म नहीं हुई है.उन्होंने कहा कि कई ड्रोन फैक्ट्रियां और मिसाइल लॉन्चिंग सिस्टम कमजोर हुए हैं, लेकिन ईरान के पास अभी भी कुछ मिसाइलें और ड्रोन मौजूद हैं.उनके मुताबिक, मौजूदा क्षमता पहले की तुलना में घटकर लगभग 20-22% रह गई है, लेकिन यह अभी भी गंभीर खतरा बनी हुई है.
सीजफायर के बीच बढ़ता तनाव
Reuters की रिपोर्ट के अनुसार, हालिया घटनाक्रम सीजफायर लागू होने के बाद सबसे बड़ा सैन्य तनाव माना जा रहा है.इस बीच ईरान की सरकारी ब्रॉडकास्टर IRIB ने दक्षिणी ईरान के सिरिक क्षेत्र में धमाकों की सूचना दी है.हालांकि, अभी तक किसी भी आधिकारिक स्रोत ने इसकी पुष्टि या विस्तृत जानकारी नहीं दी है.इससे क्षेत्र में अनिश्चितता और बढ़ गई है.
मिसाइल हमले के आरोप और खंडन
अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने दावा किया है कि ईरान ने कुवैत और बहरीन की ओर सात बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं.इनमें से छह को इंटरसेप्ट कर लिया गया, जबकि एक अपने लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकी.अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार,इस हमले में किसी भी सैनिक या ठिकाने को नुकसान नहीं हुआ.वहीं, ईरान की ओर से यह दावा किया गया कि बहरीन में अमेरिकी फिफ्थ फ्लीट मुख्यालय को नुकसान पहुंचा है, जिसे अमेरिकी सेना ने पूरी तरह खारिज कर दिया है.
इसी बीच अमेरिका की संसद में भी अलग-अलग मुद्दों पर बहस तेज हो गई है.कुछ डेमोक्रेट सांसदों ने विदेश मंत्री मार्को रुबियो से वेस्ट बैंक में इजराइली बस्तियों के विस्तार को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की है.इस तरह सैन्य तनाव के साथ-साथ कूटनीतिक मोर्चे पर भी हालात जटिल होते जा रहे हैं.
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