Narendra Modi: दिल्ली के जंतर-मंतर और कई राज्यों में चल रहे छात्र आंदोलन के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार देर रात एक वीडियो संदेश जारी किया. जिसमें पीएम मोदी ने पेपर लीक के बाद अपनी सरकार के उठाए गए कदमों का जिक्र किया. प्रधानमंत्री के वीडियो संदेश पर लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने पलटवार किया है. उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि पीएम मोदी हमारे छात्र धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं. आधी रात में जारी इस कमजोर वीडियो के जरिए उनकी बुद्धिमत्ता का अपमान मत कीजिए. धर्मेंद्र प्रधान को तत्काल पद से हटाइए, छात्रों पर मारपीट करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कीजिए, देश के छात्रों से माफी मांगिए.
वीडियो में क्या बोले PM मोदी?
PM मोदी ने वीडियो संदेश में कहा कि पेपर लीक कोई मामूली विषय नहीं है. लाखों विद्यार्थी और उनके अभिभावकों के लिए बहुत ही पीड़ादायक है और इसलिए पेपर लीक घटना से अब तक पिछले ढाई महीनों में अनेक कदम उठाए गए. गुनहगारों को पकड़ा गया है. वे जेल में पड़े हैं. हमारा सबसे महत्वपूर्ण जिम्मा था कि विद्यार्थियों का एक वर्ष बर्बाद न हो. तत्काल परीक्षाएं लेना बहुत जरूरी था. सरकार ने अभी पूरी शक्ति का उपयोग करके कम से कम समय में 22 लाख जितने विद्यार्थियों के एग्जाम हो जाएं, इसका प्रबंध किया और अभी 5-6 दिन पहले 19 तारीख को रिजल्ट भी आ गया और देशभर में उत्तीर्ण हो गए विद्यार्थियों की खुशियों की खबरें भी आ रही हैं. लेकिन हम वहां पर संतोष मानने वाले लोगों में से नहीं हैं और इसलिए मैंने आज फास्ट ट्रैक कोर्ट के लिए विभागों को निर्देश दिए थे. आज विभागों ने लगातार मेहनत करके देर रात मुझे मुसद्दा भी दे दिया. फास्ट ट्रैक कोर्ट और कठोर सजा के प्रावधान के साथ इस मुसद्दा पर शुक्रवार को कैबिनेट में चर्चा होगी. कैबिनेट के साथियों के सुझाव के बाद उसका अंतिम रूप दिया जाएगा और सोमवार से संसद का दूसरा सप्ताह शुरू हो रहा है तब जल्द से जल्द उस बिल को सदन में पारित कराने का प्रयास किया जाएगा.
“पहले छात्रों से माफ़ी मांगिए”
राज्यसभा में विपक्ष के नेता व कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि जब संसद चल रही होती है तो प्रधानमंत्री को संसद के पटल पर बयान देना होता है, देर रात एक वीडियो बनाकर, संसद के बाहर एकतरफ़ा “मन की बात” नहीं करनी होती. पीएम मोदी शुक्रवार को संसद में आने से पहले, धर्मेंद्र प्रधान को बर्खास्त कर के आइएगा. पहले छात्रों से माफ़ी मांगिए और जिन्होंने लाठी-डंडे, पैलेट गन का इस्तेमाल छात्रों की आवाज़ दबाने के लिए करवाया है उन पर कड़ी कार्यवाही कीजिए. फिर हम शिक्षा व्यवस्था पर विस्तृत चर्चा के लिए तैयार हैं.
“22-25 दिन बाद मुंह खोलते हैं”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वीडियो संदेश पर कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा कि उनकी बात को कौन गंभीरता से ले रहा है बोलने दीजिए उन्हें. 22-25 दिन बाद मुंह खोलते हैं और अजीब सी बाते कर रहें. देश का नौजवान सड़कों पर किसी कारण से है. इन बातों से उनकी कुंठा दूर नहीं होने वाली.
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