Hormuz Strait Toll: होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर जाने वाले जहाजों को नियंत्रित करने के लिए ईरान ने एक नई व्यवस्था तैयार की है. जिससे मिडिल ईस्ट में तनाव फिर गहराने का खतरा बढ़ गया है. दरअसल, ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही के लिए नया सिस्टम लागू करने की घोषणा कर वैश्विक व्यापार और तेल बाजारों की चिंता बढ़ा दी है.साथ ही तेहरान ने अमेरिका, UAE और कुवैत को सख्त चेतावनी देते हुए युद्ध के लिए तैयार रहने का दावा किया है. दूसरी ओर संघर्षविराम के बावजूद इजराइल ने दक्षिण लेबनान पर 30 से ज्यादा हमले किए हैं. बढ़ते खतरे के बीच ब्रिटेन ने क्षेत्र में नया एंटी-ड्रोन सिस्टम तैनात किया है, जिससे पश्चिम एशिया में तनाव और गहरा गया है.
मिडिल ईस्ट में बढ़ा तनाव, ईरान ने दिखाई सख्ती
मध्य पूर्व में हालात लगातार बिगड़ते नजर आ रहे हैं. ईरानी संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति समिति के चेयरमैन इब्राहिम अजीजी ने घोषणा की कि ईरान जल्द ही होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही के लिए नया सिस्टम लागू करेगा. उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था ईरान की संप्रभुता और अंतरराष्ट्रीय व्यापार की सुरक्षा को ध्यान में रखकर तैयार की गई है.अजीजी के मुताबिक केवल वही देश और कारोबारी जहाज इस सिस्टम का फायदा उठा सकेंगे जो ईरान के साथ सहयोग करेंगे। साथ ही विशेष सेवाओं के लिए टैक्स भी वसूला जाएगा. इस बयान के बाद वैश्विक ऊर्जा बाजारों में चिंता बढ़ गई है क्योंकि दुनिया की करीब 20 प्रतिशत तेल और गैस सप्लाई होर्मुज स्ट्रेट से गुजरती है.
UAE और कुवैत को चेतावनी
ईरानी सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई के सलाहकार मोहम्मद मोखबर ने UAE और कुवैत को लेकर कड़ा बयान दिया.उन्होंने आरोप लगाया कि इन देशों ने अपने क्षेत्रों को ईरान विरोधी ताकतों के इस्तेमाल के लिए खुला छोड़ दिया है.मोखबर ने कहा कि ईरान ने अब तक संयम बरता है, लेकिन यह हमेशा जारी नहीं रहेगा.
लेबनान पर इजराइल के हमले जारी
संघर्षविराम बढ़ने के बावजूद इजराइल ने दक्षिण लेबनान में हमले तेज कर दिए हैं.रिपोर्ट्स के मुताबिक 30 से ज्यादा एयरस्ट्राइक और गोलाबारी की घटनाएं सामने आई हैं.लगातार हमलों के कारण हजारों लोग अपने घर छोड़ने को मजबूर हो गए हैं. सैदा से बेरूत जाने वाले हाईवे पर बड़ी संख्या में लोग पलायन करते दिखाई दिए.
ब्रिटेन ने तैनात किया एंटी-ड्रोन सिस्टम
बढ़ते तनाव के बीच ब्रिटेन ने मिडिल ईस्ट में नया लो-कॉस्ट एंटी-ड्रोन सिस्टम APKWS तैनात किया है। इसे RAF टाइफून फाइटर जेट्स पर लगाया जाएगा ताकि दुश्मन के ड्रोन और हवाई खतरों को तेजी से नष्ट किया जा सके.ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि अगर अमेरिका के साथ बातचीत विफल रही तो ईरान युद्ध के लिए तैयार है.उन्होंने दावा किया कि मौजूदा तनाव का असर अमेरिकी अर्थव्यवस्था और ऊर्जा बाजार पर भी पड़ रहा है.लगातार बढ़ते तनाव ने पूरे मिडिल ईस्ट को एक बड़े क्षेत्रीय संघर्ष के खतरे के बीच ला खड़ा किया है.



