Bhopal Kisan Maha Chaupal: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज भोपाल में किसान महा चौपाल को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने कहा कि पूर्व आर्मी चीफ जनरल MM नरवणे (सेवानिवृत्त) ने एक किताब लिखी जिसमें बताया कि जब चीनी टैंक भारतीय सीमा में घुस रहे थे, तो उन्होंने आदेश के लिए राजनाथ सिंह को फोन किया, लेकिन उन्हें कोई जवाब नहीं मिला. उन्होंने कहा कि अजीत डोभाल और एस जयशंकर ने भी जवाब नहीं दिया. युद्ध का फैसला प्रधानमंत्री करते हैं, लेकिन प्रधानमंत्री ने जवाब नहीं दिया, वे अपने कमरे में छिप गए और आर्मी चीफ से कहा कि वे जो ठीक समझें करें. आर्मी चीफ ने लिखा कि उस दिन भारत सरकार ने उन्हें अकेला छोड़ दिया था.
“पीएम मोदी को खुली चुनौती है”
बता दें कि भारत और अमेरिका के बीच हुए अंतरिम व्यापार समझौते के विरोध में कांग्रेस ने किसान महाचौपाल का आयोजन किया था. जिसमें कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कहा कि हर साल राष्ट्रपति अभिभाषण के बाद पहला स्पीकर नेता प्रतिपक्ष होता है. यह हर साल हुआ है. हिंदुस्तान के इतिहास में इस साल पहली बार लोकसभा में विपक्ष के नेता को बोलने नहीं दिया गया. मैंने स्पीच शुरु तो मुझे रोका गया, फिर शुरु की तो फिर रोका गया. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी को खुली चुनौती है भारत और अमेरिका के बीच हुए अंतरिम व्यापार समझौते को रद्द करके दिखाइए. अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने ट्रम्प के टैरिफ़ रद्द कर दिए, दुनिया भर के देशों ने अपने समझौते Renegotiate कर दिए, आप क्यों खामोश हैं? सारा देश जानता है आप ये नहीं कर सकते- क्योंकि आप अमेरिकी Grip में Choke कर पूरा सरेंडर कर चुके हैं.
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बीजेपी ने राहुल गांधी को घेरा
वहीं भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज ने कहा कि भारत का दुर्भाग्यपूर्ण है कि हमें राहुल गांधी जैसे नेता प्रतिपक्ष मिले हैं. मोहब्बत की दुकान में केवल नफरत, अराजकता और नकारत्मकता का ही सामान मिलता है. आप देख रहे होंगे कि उन्होंने अपने पद की गरिमा का कैसे उल्लंघन किया है और कांग्रेस पार्टी तथा खुद को हंसी का पात्र बना दिया है. राहुल गांधी जो ड्रामा कर रहे हैं, मैं उन्हें याद दिलाना चाहती हूं कि इस देश की जनता ने उन्हें बार-बार ठुकराया है. राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी ने अपनी देश-विरोधी गतिविधियों के कारण 95 चुनाव हारे हैं.



