Abhijeet Dipke: कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दीपके ने देश के सभी राज्यों के शिक्षा मंत्रियों के नाम एक चिट्ठी लिखी है. चिट्ठी में दीपके ने शिक्षा मंत्रियों से 6 जानकारी देने की अपील की है. उन्होंने लिखा कि मैं सरकारी स्कूलों की स्थिति को लेकर अत्यंत पीड़ा और चिंता के साथ आपको यह पत्र लिख रहा हूं. भारत को आज़ाद हुए 80 वर्ष हो चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद आज भी कई सरकारी स्कूलों में बच्चों को स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल, उपयोग योग्य शौचालय, उचित कक्षाएं और यहां तक कि बैठने के लिए बेंच जैसी बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं हैं. सरकारी स्कूलों से सामने आ रही तस्वीरें और सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे दृश्य हम सभी के लिए गंभीर चिंता का विषय होने चाहिए. इस देश के किसी भी बच्चे को ऐसी परिस्थितियों में पढ़ने के लिए मजबूर नहीं किया जाना चाहिए. उनके साथ जानवरों से भी बदतर व्यवहार हो रहा है.
दीपके ने आगे लिखा कि जब हमारे बच्चे शिक्षा हासिल करने के लिए जरूरी सबसे बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हों, तो हम देश की प्रगति की उम्मीद कैसे कर सकते हैं? हमारा मानना है कि अब समय आ गया है कि देशभर की सरकारें सरकारी शिक्षा व्यवस्था की स्थिति को प्राथमिकता दें और स्कूलों को सुधारने के लिए युद्धस्तर पर काम करें. लेकिन समस्या का समाधान करने से पहले जनता को यह जानने का अधिकार है कि आज हम किस स्थिति में खड़े हैं. इसलिए मैं आपके मंत्रालय से सम्मानपूर्वक अनुरोध करता हूं कि निम्नलिखित जानकारी सार्वजनिक की जाए.
Letter to the Education Ministers of all states.
The country needs to know what steps are being taken to improve govt schools. pic.twitter.com/2xZges1lCj
— Abhijeet Dipke (@abhijeet_dipke) August 24, 2026
शिक्षा मंत्रियों से ये 6 जानकारी देने की अपील
1.राज्य में पिछले पांच वर्षों में कितने सरकारी स्कूलों का नवीनीकरण किया गया है और वर्तमान में कितने स्कूलों को मरम्मत या पूर्ण नवीनीकरण की आवश्यकता है?
2.वर्तमान में शिक्षकों के कितने पद स्वीकृत हैं, उनमें से कितने पद भरे हुए हैं और कितने पद अभी भी खाली हैं?
3.पिछले पांच वर्षों में सरकारी स्कूलों के लिए कितनी धनराशि आवंटित की गई और उसमें से वास्तव में कितनी राशि खर्च की गई?
4.यह सुनिश्चित करने के लिए कि प्रत्येक बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक उचित पहुंच मिले, राज्य में कितने अतिरिक्त सरकारी स्कूलों की आवश्यकता है?
5.पढ़ाने के अलावा सरकारी स्कूलों के शिक्षकों को कौन-कौन से गैर-शैक्षणिक कार्य और जिम्मेदारियां सौंपी जाती हैं?
6.वर्तमान में कितने सरकारी स्कूलों में बच्चों के लिए पर्याप्त कंप्यूटर और डिजिटल लर्निंग सुविधाएं, साफ और उपयोग योग्य शौचालय तथा उचित खेल सुविधाएं और खेल उपकरण उपलब्ध हैं?
“हमारे बच्चों के भविष्य का सवाल है”
CJP फाउंडर ने लिखा यह मामला किसी राजनीतिक दल या किसी एक सरकार का नहीं है. यह हमारे बच्चों के भविष्य का सवाल है. हर बच्चे को, चाहे वह कहीं भी पैदा हुआ हो या उसके माता-पिता की आय कितनी भी हो, सुरक्षित कक्षा, साफ पीने का पानी, उपयोग योग्य शौचालय, बैठने के लिए बेंच और पढ़ाने के लिए शिक्षक मिलने का अधिकार है. हमें उम्मीद है कि आपका मंत्रालय इस जानकारी को सार्वजनिक करेगा और यह सुनिश्चित करने के लिए तत्काल कदम उठाएगा कि बुनियादी ढांचे की कमी के कारण किसी भी बच्चे को सम्मानजनक शिक्षा से वंचित न होना पड़े.
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