Ghaziabad News: उत्तर प्रदेश में योगी सरकार की पहचान सख्त कानून-व्यवस्था को लेकर रही है। सरकार लगातार यह दावा करती रही है कि प्रदेश में कानून से ऊपर कोई नहीं है और किसी भी तरह की अराजकता या गैरकानूनी गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई की जाती है। ऐसे में सोशल मीडिया पर सामने आया एक वीडियो अब कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
वायरल हुआ तलवार वितरण का वीडियो
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में कुछ लोग खुलेआम तलवारें बांटते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आते ही यह सवाल उठने लगे कि जब उत्तर प्रदेश (Ghaziabad News) में हथियारों के प्रदर्शन और अवैध गतिविधियों पर सख्ती से कार्रवाई होती रही है, तो फिर इस तरह तलवारों का सार्वजनिक वितरण आखिर कैसे संभव हुआ। क्या इसकी जानकारी पहले से प्रशासन को थी या फिर इसे कानून को खुली चुनौती के तौर पर देखा जाए, इन्हीं सवालों पर चर्चा शुरू हो गई। पुलिस जांच में सामने आया है कि यह वीडियो गाजियाबाद के शालीमार गार्डन इलाके में स्थित हिंदू रक्षा दल के कार्यालय से जुड़ा हुआ है। बताया जा रहा है कि संगठन के अध्यक्ष पिंकी चौधरी की मौजूदगी में यहां आम लोगों को तलवारें वितरित की गईं। मामला केवल कार्यालय तक सीमित नहीं रहा। आरोप है कि संगठन से जुड़े कुछ कार्यकर्ताओं ने इलाके में घर-घर जाकर भी तलवारें बांटीं।
संगठन ने आत्मरक्षा का बताया उद्देश्य
संगठन की ओर से सफाई देते हुए कहा गया कि यह कार्यक्रम हिंदू समाज को आत्मरक्षा के लिए जागरूक और संगठित करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। तलवार वितरण के दौरान महिलाओं, बहन-बेटियों और परिवार की सुरक्षा की बातें कही गईं। इसके साथ ही बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ हुई हालिया घटनाओं का हवाला देते हुए कहा गया कि अगर समाज समय रहते सतर्क नहीं हुआ, तो ऐसे हालात कहीं और भी बन सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए आत्मरक्षा की तैयारी जरूरी बताई गई।
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पुलिस ने दर्ज की FIR, अब तक 10 गिरफ्तार
वीडियो वायरल होने के बाद मामला पुलिस के संज्ञान में आया। उत्तर प्रदेश (Ghaziabad News) पुलिस ने सार्वजनिक स्थान पर हथियारों के वितरण और प्रदर्शन को कानून का उल्लंघन मानते हुए कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने इस मामले में 16 नामजद और 25 से 30 अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। अब तक 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि बाकी की तलाश जारी है।
किन-किन लोगों तक इन्हें पहुंचाया गया,और क्या इसके लिए किसी तरह की अनुमति ली गई थी या नहीं। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बिना अनुमति सार्वजनिक स्थान पर हथियारों का प्रदर्शन या वितरण कानूनन अपराध है। ऐसे मामलों में किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की जांच जारी है और आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी।



