School : राजस्थान के सरकारी स्कूलों का निरीक्षण करने का अभियान चलाने वाली सीजेपी के विरोध प्रदर्शन के बाद जयपुर के पास बगरु के रामपुरा गांव में सरकारी स्कूल के नवनिर्माण का काम आज बुधवार सुबह शुरू हो गया है। गांव के सरकारी स्कूल के जर्जर भवन को आज गिराया गया। राज्य सरकार की ओर से करीब 18 लाख रुपए की राशि स्वीकृत होने के बाद पुरानी और जर्जर स्कूल बिल्डिंग को धराशायी कर निर्माण कार्य की शुरुआत कर दी गई। यह वही गांव है जहां कॉकरोच जनता पार्टी
के कार्यकर्ताओं को पीटा गया था।
सीजेपी प्रवक्ता रांका को ग्रामीणों ने पीटा था
बता दें कि 21 अगस्त को सीजेपी के कार्यकर्ता भवन की बदहाल स्थिति को लेकर सीजेपी ने विरोध किया था। सीजेपी के कार्यकर्ता गांव में निरीक्षण के लिए पहुंचे थे, जिनका ग्रामीणों ने विरोध किया और विवाद की स्थिति बन गई थी। सीजेपी प्रवक्ता आशुतोष रांका और उनके साथियों पर हमला हुआ था। रांका राजकीय प्राथमिक स्कूल रामपुरा कंवरपुरा का निरीक्षण करने पहुंचे थे। ग्रामीणों ने उन्हें पीटकर वहां से खदेड़ दिया था।
सरकार यह काम पहले कर लेती तो नहीं होती हिंसा
सीजेपी की जॉइंट सेक्रेटरी रेखा शर्मा ने रामपुरा स्कूल के नवनिर्माण के फैसले को पार्टी की बड़ी जीत बताया। उन्होंने कहा- भैंसों के तबेले में संचालित हो रहे रामपुरा स्कूल का अब नवनिर्माण होगा। सरकार यह काम पहले भी कर सकती थी, इसके लिए बीते दिनों हुई हिंसा की जरूरत नहीं थी। रेखा शर्मा ने कहा- रामपुरा स्कूल के निर्माण की शुरुआत केवल एक स्कूल की लड़ाई नहीं है। पार्टी तब तक अपनी आवाज उठाती रहेगी, जब तक राजस्थान के सभी सरकारी स्कूलों की स्थिति बेहतर नहीं हो जाती। अब नजर इस बात पर रहेगी कि रामपुरा स्कूल का नया भवन कब तक तैयार होता है और बच्चों को कब एक सुरक्षित और बेहतर स्कूल परिसर मिल पाता है।
ग्रामीणों ने फैसले का किया स्वागत
रामपुरा के ग्रामीणों ने सरकार के फैसले का स्वागत किया है। कुछ ग्रामीणों ने बताया कि बीते दिनों स्कूल के मुद्दे को लेकर जिस तरह का घटनाक्रम और अराजकता हुई, उसकी जरूरत नहीं थी। स्कूल ज्ञान का मंदिर है और इसके नाम पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। पूरा गांव सरकार के इस फैसले से खुश है और ग्रामीण स्कूल के निर्माण कार्य में हर संभव सहयोग करेंगे। ग्रामीणों को उम्मीद है कि नए भवन के बनने के बाद बच्चों को बेहतर और सुरक्षित माहौल में शिक्षा मिल सकेगी।



