Painkiller Infused Ice Cream:सोशल मीडिया पर इन दिनों एक नया और अजीब ट्रेंड चर्चा में है – पेनकिलर इंफ्यूज्ड आइसक्रीम। इसमें ठंडी आइसक्रीम के साथ सिरदर्द की दवा मिलाई जाती है। नीदरलैंड से शुरू हुआ यह ट्रेंड अब पूरी दुनिया में वायरल हो रहा है। कई लोग इसे “मजा भी और इलाज भी” का आसान तरीका बता रहे हैं, लेकिन डॉक्टर इसे खतरनाक बता रहे हैं।
पेनकिलर वाली आइसक्रीम क्या है?
यह एक नया फूड ट्रेंड है जिसमें सामान्य आइसक्रीम में पेनकिलर (सिरदर्द की दवा) मिलाकर बनाया जाता है। लोग इसे खाकर एक साथ स्वाद और दर्द से राहत दोनों पाने की उम्मीद करते हैं। लेकिन मेडिकल एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह ट्रेंड जितना आकर्षक लगता है, उतना सुरक्षित नहीं है।
क्या वाकई यह सिरदर्द में राहत देती है?
पेनकिलर वाली आइसक्रीम को ज्यादा कारगर नहीं माना जा रहा है। डॉक्टरों के अनुसार, दवाओं को सही मात्रा और सही तरीके से लेना बहुत जरूरी होता है। जब इन्हें आइसक्रीम जैसे खाद्य पदार्थ में मिलाया जाता है, तो दवा का असर अनियमित हो जाता है। आइसक्रीम खाने से मूड अच्छा होता है, यह सच है, लेकिन इसमें दवा मिलाने से फायदा होने की बजाय नुकसान का खतरा ज्यादा बढ़ जाता है।
पेनकिलर वाली आइसक्रीम सेहत के लिए क्यों खतरनाक है?
- ओवरडोज का खतरा
गोली लेते समय आपको सटीक डोज पता होती है, लेकिन आइसक्रीम खाते समय यह नहीं पता चलता कि आपने कितनी दवा ली। ज्यादा आइसक्रीम खाने पर पेनकिलर की मात्रा बढ़ सकती है, जिससे ओवरडोज हो सकता है। - सिरदर्द और बढ़ सकता है
बार-बार पेनकिलर लेने से “मेडिकेशन ओवरयूज हेडेक” की समस्या हो सकती है। यानी सिरदर्द ठीक होने की जगह और ज्यादा बढ़ सकता है। - दवा का असर कम या अनियमित
दवाएं शरीर में सही तरीके से घुलने के लिए डिजाइन की जाती हैं। आइसक्रीम में मिलाने से दवा ठीक से अवशोषित नहीं होती। इससे दवा का असर कम हो जाता है या पूरी तरह अनियमित हो सकता है। - माइग्रेन और ठंड से एलर्जी वाले लोगों के लिए जोखिम
कुछ लोगों में ठंडी चीजें खाने से सिरदर्द ट्रिगर हो जाता है। खासकर माइग्रेन के मरीजों में आइसक्रीम सिरदर्द का कारण बन सकती है। ऐसे में पेनकिलर वाली आइसक्रीम उल्टा असर कर सकती है और दर्द बढ़ा सकती है।
डॉक्टरों की सलाह
एक्सपर्ट्स का कहना है कि सिरदर्द के लिए पेनकिलर वाली आइसक्रीम जैसे अनोखे ट्रेंड से दूर रहना चाहिए। दवाओं को डॉक्टर की सलाह अनुसार ही लेना चाहिए। स्वाद और इलाज को एक साथ मिलाने की कोशिश सेहत के लिए नुकसानदायक साबित हो सकती है।



