Health News: नागफनी का पौधा सेहत के लिए बेहद लाभकारी माना जाता है। यह फाइबर और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर होता है, जो पेट से जुड़ी कई समस्याओं में राहत देता है। एक्सपर्ट डॉ. गीतिका शर्मा के अनुसार, नागफनी कब्ज, पेट फूलना, अपच और आंतों की सूजन में मददगार है। यह आंतों की मूवमेंट को बेहतर बनाता है, पेट को साफ करता है और एसिडिटी में भी राहत देता है। हालांकि, इसका इस्तेमाल हमेशा डॉक्टर की सलाह से ही करना चाहिए, क्योंकि यह कुछ दवाओं के साथ रिएक्शन कर सकता है।
दिल की सेहत, दर्द और सूजन में भी असरदार
नागफनी को दिल की सेहत के लिए भी काफी अच्छा माना जाता है। यह ब्लड सर्कुलेशन सुधारता है, खराब कोलेस्ट्रॉल (LDL) को कम करता है और अच्छे कोलेस्ट्रॉल (HDL) को बढ़ाने में मदद करता है। साथ ही यह ब्लड प्रेशर को कंट्रोल में रखता है और दिल की मांसपेशियों को मजबूत बनाता है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट शरीर की कोशिकाओं को नुकसान से बचाते हैं। इसके अलावा, नागफनी में सूजन-रोधी गुण भी होते हैं। इसके पत्तों का पेस्ट जोड़ों के दर्द में और तने या जड़ का काढ़ा गठिया जैसी समस्याओं में राहत दे सकता है, लेकिन किसी भी तरह के उपयोग से पहले डॉक्टर की सलाह जरूरी है।
खांसी, वजन कंट्रोल और शरीर की सफाई में मदद
पारंपरिक तौर पर नागफनी का इस्तेमाल खांसी, कफ, दमा और सांस की परेशानी में किया जाता रहा है। इसके फल या छाल का काढ़ा, या फल के रस में शहद और अदरक मिलाकर लेने से आराम मिल सकता है। यह शरीर से कफ निकालने, खून को साफ करने और सूजन कम करने में भी मदद करता है। इसके अलावा, नागफनी वजन कंट्रोल में भी सहायक हो सकता है क्योंकि इसमें भरपूर फाइबर होता है, जो पेट को लंबे समय तक भरा रखता है और भूख कम करता है। हालांकि, इसके अर्क या ज्यादा मात्रा में सेवन से नुकसान भी हो सकता है, इसलिए इसे बिना सलाह के इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।



