KBP Times

“एक टर्निंग प्वाइंट आता है और वो…” AI इम्पैक्ट समिट में बोले PM नरेंद्र मोदी

Narendra Modi

India AI Impact Summit 2026: इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 को आज(19 जनवरी) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने संबोधित किया. उन्होंने कहा कि दुनिया की सबसे बड़ी और ऐतिहासिक AI इम्पैक्ट समिट में आपका हार्दिक अभिनंदन है. भारत दुनिया की सबसे बड़ी युवा आबादी का देश है. सबसे बड़े टेक टैलेंट पूल का केंद्र है. यह सबसे बड़े टेक इनेबल्ड इकोसिस्टम का उदाहरण है. इस समिट का भारत में होना भारत के साथ ही पूरे ग्लोबल साउथ के लिए गर्व का विषय है. मानव इतिहास में हर कुछ शताब्दियों के बाद एक टर्निंग प्वाइंट आता है और वो सभ्यता की दिशा रिसेट करता है और वहीं से विकास की रफ्तार बदलती है.

“मानव सामर्थ्य को कई गुना बढ़ा रहा है”
PM मोदी (Narendra Modi) ने आगे कहा कि आज मशीन लर्निंग से लर्निंग मशीन तक का सफर तेज भी है, गहरा भी है, व्यापक भी है. इसलिए हमें विजन भी बड़ा रखना है और जिम्मेदारी भी उतनी ही बड़ी निभानी है. वर्तमान पीढ़ी के साथ ही हमें इस बात की भी चिंता करनी है कि आने वाली पीढ़ियों के हाथों में हम AI का क्या स्वरूप सौंपकर जाएंगे. AI को मशीन केंद्रित से मानव केंद्रित कैसे बनाएं, संवेदनशील और उत्तरदायी कैसे बनाएं. यही इस ग्लोबल AI इम्पैक्ट समिट का मूल उद्देश्य है. मानव इतिहास में, हर कुछ शताब्दियों के बाद एक टर्निंग पॉइंट आता है और वह टर्निंग पॉइंट सभ्यता की दिशा बदल देता है और वहीं से विकास की रफ़्तार बदलती है. आज हम जो देख रहे हैं और अंदाज़ा लगा रहे हैं, वह इसके असर का बस प्रारंभिक संकेत है. AI मशीनों को इंटेलिजेंट बना रहा है, लेकिन उससे भी अधिक मानव सामर्थ्य को कई गुना बढ़ा रहा है.

यह भी पढ़ें: आखिरकार पीछे हटे बिल गेट्स, AI समिट में स्पीच नही देने का लिया फैसला

“AI के लिए MANAV विजन प्रस्तुत करता हूं”
प्रधानमंत्री (Narendra Modi) ने आगे कहा कि आज नई दिल्ली AI समिट में, मैं AI के लिए MANAV विजन प्रस्तुत करता हूं. MANAV का मतलब है इंसान. MANAV में, M का मतलब है नैतिक और एथिकल सिस्टम। A का मतलब है जवाबदेह शासन. N का मतलब है राष्ट्रीय संप्रभुता. A का मतलब है सुलभ और समावेशी। V का मतलब है वैध और जायज. AI हमारे काम को और अधिक स्मार्ट, ज़्यादा कुशल और असरदार बनाएगा. यह नवाचार, उद्यमिता और नई इंडस्ट्री के लिए एक बड़ा मौका है. भारत नई टेक्नोलॉजी बनाता भी है और उसे अभूतपूर्ण तेजी से अपनाता भी है. उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के साथ क्या करते हैं? ऐसे प्रश्न मानवता के सामने पहले भी आएं हैं. सबसे सशक्त उदाहरण न्यूक्लियर पावर है. हमने इसकी तबाही भी देखी है और सकारात्मक योगदान भी देखा है. AI भी एक बदलाव लाने वाली ताकत भी है.

 

ताजा खबरें

ताजा खबरें

Gums and bad breath

मानसून में मुंह की सफाई का रखें ध्यान, ब्रश करें ताकि बदबू से बचें

Oil Price Hike

रेड सी में तेल टैंकरों पर हमले के बाद उछले कच्चे तेल के दाम, ब्रेंट 95 डॉलर के पार

Raja Raghuvanshi Murder Case

राजा रघुवंशी मर्डर केस: SC ने रद्द की सोनम की जमानत, 3 हफ्ते में सरेंडर का आदेश

NEET and Coaching

छात्र-अभिभावकों की चिंता; NEET की तैयारी, मंहगी Coaching फीस और पेपर लीक

Naresh Meena

नरेश मीणा की बढ़ी मुश्किलें, कोर्ट ने दिए गिरफ्तारी के आदेश, संपत्ति का रिकॉर्ड भी मांगा

Salman Khan post

सलमान खान की पोस्ट-छात्र आंदोलन शिक्षा का मुद्दा इसे राजनीतिक रंग नहीं दें, आलिया बोली-अपने लिए नहीं लड़ रहे

Parliament Monsoon Session

संसद के बाहर सियासी संग्राम, विपक्षी दल-NDA आमने-सामने, जमकर हुई नारेबाजी

India-Zimbabwe match

भारत और जिम्बाब्वे पहला T-20 आज, श्रेयस की कप्तानी में पहली जीत का इंतजार

Rahul Gandhi

“आपने ही युवाओं के भविष्य को सबसे ज़्यादा नुकसान पहुंचाया…” PM मोदी के बयान पर राहुल गांधी का पलटवार

2

2