Middle East war: मिडिल ईस्ट युद्ध का आज(31 मार्च) 32वां दिन है. इसी बीच बड़ी खबर सामने आई है कि स्पेन के बाद अब इटली ने भी अमेरिका को अपने मिलिट्री बेस का इस्तेमाल करने से रोक दिया है. अमेरिका के विमान यहां उतरना चाहते थे, लेकिन इटली ने इसके लिए इजाजत नहीं दी है. रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका के कुछ बॉम्बर विमान इटली के इस बेस पर उतरकर आगे मिडिल ईस्ट की ओर जाना चाहते थे. इसके लिए इटली को पहले जानकारी नहीं दी गई थी. अमेरिका ने इसके लिए इटली से इजाजत नहीं मांगी न ही सैन्य अधिकारियों से बात की. बता दें कि इससे पहले स्पेन ने भी ईरान जंग में शामिल अमेरिकी विमानों के लिए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया था.
वहीं रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने कहा कि अमेरिका और इजरायल, ईरान और उसके पड़ोसी देशों के बीच अच्छे रिश्ते नहीं बनने देना चाहते.
अमेरिका-इजरायल से चीन की युद्ध रोकने की अपील
वहीं दूसरी तरफ चीन ने अमेरिका-इजरायल से ईरान के खिलाफ चल रहे युद्ध को तुरंत रोकने की अपील की है. चीन के विदेश मंत्रालय ने कहा कि वे सभी पक्षों से सैन्य कार्रवाई बंद करने की मांग करते हैं. चीन ने परमाणु सुविधाओं पर हमलों का विरोध करते हुए कहा कि ऐसे कदम बेहद खतरनाक हैं. साथ ही जंग में ऐतिहासिक स्थलों को हुए नुकसान पर भी चिंता जताई है.
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ईरान होर्मुज स्ट्रेट पर लगाएगा टोल
अब ईरान होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों पर टोल लगाएगा. संसद की नेशनल सिक्योरिटी कमेटी ने इस प्रस्ताव को मंजूरी दी है. रिपोर्ट के मुताबिक, योजना के तहत जहाजों को इस समुद्री मार्ग से गुजरने के लिए ईरान को उसकी राष्ट्रीय मुद्रा रियाल में शुल्क देना होगा. हालांकि यह प्रस्ताव अभी कानून नहीं बना है.



