PM Modi Foreign Visit: बीते रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हैदराबाद के सिकंदराबाद में एक जनसभा को संबोधित करते हुए देशवासियों से पेट्रोल-डीजल का उपयोग कम करने, एक साल तक विदेश यात्रा से बचने, सोने की खरीदारी टालने, कंपनियों से वर्क फ्रॉम होम को बढ़ावा देने, स्वदेशी उत्पादों को अपनाने, खाद्य तेल की खपत करने की अपील की. पीएम मोदी की अपील पर विपक्ष लगातार केंद्र सरकार को घेर रहा है. एनडीए और विपक्षी पार्टी के नेताओं में जुबानी जंग तेज हो गई. इसी बीच आज मंगलवार को MEA के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए बताया कि पीएम मोदी 5 देशों की यात्रा पर जाने वाले हैं. ऐसे में विपक्ष और राजनीतिक हलकों में यह सवाल उठने लगा है कि जब आम लोगों को यात्रा कम करने के लिए कहा जा रहा है तो प्रधानमंत्री खुद क्यों विदेश के दौरे पर जा रहे हैं.
TMC सांसद महुआ मोइत्रा ने पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा पर तंज कसा है. उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि पीएम मोदी एक तरफ जनता से विदेश यात्रा न करने, सोना न खरीदने और तेल, उर्वरक व ईंधन का कम इस्तेमाल करने का ज्ञान देते हैं दूसरी तरफ खुद विदेश यात्रा पर निकल रहे हैं. त्याग और जिम्मेदारी सिर्फ आम नागरिकों के लिए है, जबकि श्रेय केवल पीएम मोदी के लिए सुरक्षित है.वाह!
So @narendramodi asks citizens to not travel abroad, not buy gold, reduce usage of oil, fertiliser, fuel. Govt refused to discuss West Asia crisis & today gives us gyan. Sacrifice & responsibility only for common citizens. Credit is reserved only for Modiji. Wah!
— Mahua Moitra (@MahuaMoitra) May 11, 2026
PM मोदी विदेश दौरा क्यों खास?
MEA के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने आज दिल्ली में प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए बताया कि प्रधानमंत्री पांच देशों के दौरे पर निकल रहे हैं उनके दौरे का पहला पड़ाव संयुक्त अरब अमीरात होगा. जैसा कि आप जानते हैं, संयुक्त अरब अमीरात के साथ हमारे बहुआयामी संबंध हैं, जिनमें ऊर्जा सुरक्षा एक बहुत ही महत्वपूर्ण हिस्सा है. इस दौरे के दौरान भी चर्चा का मुख्य विषय ऊर्जा सुरक्षा ही रहेगा खास तौर पर, हम उनके साथ अपनी मौजूदा साझेदारी को और कैसे व्यापक और गहरा बना सकते हैं, ताकि हम अपने खुद के ऊर्जा सुरक्षा ढांचे को प्रभावी ढंग से मजबूत कर सकें और व्यापार के मुद्दे पर भी चर्चा होगी
जायसवाल ने आगे बताया कि इसके अलावा, वहां हमारा एक बहुत बड़ा प्रवासी समुदाय रहता है उनके हित के मुद्दों पर बातचीत होगी. इसके अतिरिक्त, इस दौरे में चार अन्य देश जो हैं नॉर्डिक शिखर सम्मेलन होना तय है और नॉर्वे, स्वीडन, इटली और नीदरलैंड का दौरा किया जाएगा. ये देश नवाचार के प्रमुख केंद्र हैं जहां भारत के नवाचार इकोसिस्टम में पहले से ही काफी काम चल रहा है, वहीं ये देश स्वच्छ ऊर्जा प्रौद्योगिकियों और हरित बदलाव में काफी आगे है सभी मुद्दों पर बात होगी और देखा जाएगा कि वो सब साझेदारी जो ‘विकसित भारत’ की तरफ हमको लाता है उसको कैसे मजबूत किया जाएगा. ये पीएम मोदी के दौरे का एक मुख्य आधार है.



