Surya : सूर्य ग्रह 17 अगस्त को स्वराशि सिंह में सुबह 7 बजकर 58 मिनट पर गोचर करने वाले हैं, जहां पहले से ही छाया ग्रह केतु विराजमान हैं. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, 17 अगस्त को नाग पंचमी के साथ सावन के तीसरे सोमवार का व्रत भी किया जाएगा और केतु को सांप की पूंछ भी कहा गया है. ऐसे में नाग पंचमी के दिन सिंह राशि में सूर्य और केतु की युति बन रही है, जिससे मिथुन, मकर समेत 4 राशियों को उतार-चढ़ाव का सामना करना पड़ सकता है।
प्रभावित राशियों पर असर
इन राशियों को सेहत, लाइफस्टाइल, करियर, धन, परिवार समेत कई मामलों में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है और वैवाहिक व लव लाइफ में खींचतान बनी रहेगी. आइए जानते हैं नाग पंचमी के दिन सिंह राशि में सूर्य और केतु के महामिलन से किन किन राशियों को सतर्क रहने चाहिए
सूर्य-केतु युति का मिथुन राशि पर प्रभाव
सूर्य और केतु की युति मिथुन राशि से तीसरे भाव में बनने जा रही है, इस युति के प्रभाव से मिथुन राशि वालों के लिए खर्च, कामकाज और मानसिक तनाव से जुड़ी परेशानियां बढ़ा सकती हैं. मिथुन राशि के नौकरी पेशा जातकों को ऑफिस में अधिकारियों या सहकर्मियों के साथ मतभेद का सामना करना पड़ सकता है. अपनी बात रखते समय शब्दों का चयन सोच-समझकर करें, क्योंकि छोटी सी बात विवाद का रूप ले सकती है. नौकरी बदलने या अचानक बड़ा फैसला लेने से पहले अच्छी तरह विचार करना बेहतर रहेगा. इस अवधि में मिथुन राशि वाले किसी भी दस्तावेज पर साइन करने से पहले उसकी शर्तों को ध्यान से पढ़ें. उधार देने या बिना जांच-पड़ताल के निवेश करने से बचना लाभकारी रहेगा.
सूर्य-केतु युति का सिंह राशि पर प्रभाव
सूर्य और केतु की युति सिंह राशि के लग्न भाव अर्थात पहले स्थान पर बनने जा रही है. ज्योतिषीय मान्यता के अनुसार यह स्थिति आत्मविश्वास में उतार-चढ़ाव और निर्णय लेने में असमंजस पैदा कर सकती है. इस राशि के नौकरी पेशा जातकों की जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं, लेकिन उसके अनुरूप परिणाम या प्रशंसा ना मिलने से निराशा हो सकती है. वहीं कारोबार करने वालों के लिए भी समय थोड़ा चुनौतीपूर्ण रह सकता है. किसी पुराने ग्राहक या कारोबारी सहयोगी के साथ मतभेद होने की आशंका बन सकती है. इस अवधि में अचानक लिए गए फैसले नुकसान पहुंचा सकते हैं. नए प्रोजेक्ट में पैसा लगाने से पहले पूरी जांच-पड़ताल करें. परिवार में भी छोटी बातों को लेकर तनाव बढ़ सकता है.
सूर्य-केतु युति का मकर राशि पर प्रभाव
सूर्य और केतु की युति आपकी राशि से आठवें भाव में बनने जा रही है और सूर्य आपके आठवें भाव के स्वामी भी हैं. इस दौरान अपने साथ-साथ पूरे परिवार की सेहत का विशेष ध्यान रखें और किसी भी तरह की लापरवाही बचें, ऐसे में आप खान-पान के साथ अपनी लाइफस्टाइल पर भी ध्यान दें. सूर्य और केतु की युति के प्रभाव की वजह से आपको काफी भागदौड़ का सामना करना पड़ सकता है और आपके खर्चे भी बढ़ सकते हैं. इस अवधि में आपको ससुराल पक्ष के लोगों की वजह से भी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. अपनी वाणी पर नियंत्रण रखना इस अवधि में आपके लिए बेहद जरूरी रहेगा. मकर राशि वालों को उधार देने या बिना जांच-पड़ताल के निवेश करने से बचना लाभकारी रहेगा. इस दौरान नींद और मानसिक बेचौनी भी परेशान कर सकती है.
सूर्य-केतु युति का कुंभ राशि पर प्रभाव
सूर्य और केतु की युति आपकी राशि से सातवें भाव में बनने जा रही है. इस दौरान नौकरी और कारोबार में उतार-चढ़ाव के संकेत मिल रहे हैं. इस अवधि में ऑफिस में मेहनत के बावजूद मनचाहा परिणाम मिलने में देरी हो सकती है और सहकर्मियों के साथ गलतफहमी या किसी काम की जिम्मेदारी को लेकर विवाद की स्थिति बन सकती है. वहीं व्यापारियों को बाजार में अचानक बदलाव या ग्राहकों की मांग में कमी का सामना करना पड़ सकता है. निवेश से जुड़े मामलों में विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत होगी. जल्द मुनाफे के लालच में जोखिम भरे सौदों से बचें. परिवार और आर्थिक मामलों को लेकर भी चिंता बढ़ सकती है. खर्चों पर नियंत्रण रखना जरूरी होगा.
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