Rahu Gochar 2026:वैदिक ज्योतिष के अनुसार 31 मई को राहु देव अपनी चाल बदलते हुए शतभिषा नक्षत्र के प्रथम चरण में प्रवेश करेंगे. शतभिषा राहु का स्वयं का नक्षत्र माना जाता है, इसलिए इस गोचर का प्रभाव काफी महत्वपूर्ण रहेगा. इसका असर सभी 12 राशियों पर पड़ेगा, लेकिन मेष, मिथुन और कुंभ राशि के जातकों के लिए यह समय विशेष रूप से शुभ माना जा रहा है. इन राशियों को करियर, धन और प्रतिष्ठा के क्षेत्र में लाभ मिलने के संकेत हैं.
मेष राशि (Aries)
लंबे समय से रुके हुए कार्यों में तेजी आएगी.
नौकरीपेशा लोगों को पदोन्नति और नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं.
व्यापार में लाभ के नए अवसर प्राप्त होंगे.
आय के स्रोत बढ़ने की संभावना है.
अटका हुआ या फंसा धन वापस मिल सकता है.
करियर में प्रगति और सम्मान बढ़ेगा.
मिथुन राशि (Gemini)
आत्मविश्वास, पराक्रम और प्रभाव में वृद्धि होगी.
वाकपटुता और बुद्धिमत्ता के बल पर सफलता मिलेगी.
कार्यस्थल और समाज में पहचान मजबूत होगी.
विरोधी और शत्रु कमजोर पड़ेंगे.
परिवार में चल रहे पुराने विवाद खत्म हो सकते हैं.
भाई-बहनों का सहयोग और समर्थन मिलेगा.
कुंभ राशि (Aquarius)
राहु गोचर का सबसे अधिक सकारात्मक प्रभाव देखने को मिल सकता है.
शेयर बाजार, पैतृक संपत्ति या अन्य स्रोतों से अचानक धन लाभ के योग बनेंगे.
आर्थिक स्थिति मजबूत होगी.
विदेश यात्रा या विदेश में कारोबार स्थापित करने की योजना सफल हो सकती है.
नई उपलब्धियां और बड़े अवसर प्राप्त हो सकते हैं.
सामाजिक और व्यावसायिक क्षेत्र में तरक्की के संकेत हैं.
राहु के अशुभ प्रभाव से बचने का उपाय
राहु के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए नियमित रूप से दुर्गा चालीसा का पाठ करें और सुबह पक्षियों को सात प्रकार का अनाज (सतनाजा) खिलाएं. शनिवार को भैरव बाबा की पूजा कर सरसों के तेल का दीपक जलाएं तथा काले कुत्ते को तेल लगी रोटी खिलाने से राहु दोष के प्रभाव को कम करने में मदद मिलती है.



