Sheikh Haseena : बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने दो साल बाद भी कैमरे के सामने नहीं आईं उन्होने बुधवार को लोगों को वर्चुअली संबोधित किया। सुरक्षा कारणों से भाषण के दौरान उनका कैमरा बंद रहा। 25 मिनट के भाषण में उन्होंने भारत की तारीफ की और कहा कि भारत हर मुश्किल समय में साथ देता है चाहे वह 1971 हो, 1975 हो या आज का समय। शेख हसीना ने बंाग्लादेश वापस लौटने के बारे में कहा कि मुझे पता है कि वे मुझे जेल में डाल सकते हैं या मार भी सकते हैं, फिर भी मैं बांग्लादेश वापस जाउंगी। लोगों का समर्थन मेरे लिए बहुत जरूरी है। मौत की सजा, झूठे मुकदमे और दिखावटी सुनवाई मुझे डरा नहीं सकती। मेरे खिलाफ चल रही कानूनी कार्रवाई गैरकानूनी, असंवैधानिक और राजनीतिक मकसद से प्रेरित है।
भारत मित्र देश
बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने भारत को मित्र देश बताते हुए कहा कि वह हमेशा बांग्लादेश का अच्छा दोस्त रहा है। जब भी बांग्लादेश किसी मुश्किल हालात में होता है, भारत हमेशा उसके साथ खड़ा रहता है- चाहे वह 1971 हो, 1975 हो या आज का समय। हसीना ने कहा कि सरकारों के बीच के संबंध अलग हो सकते हैं, लेकिन भारत हमेशा से एक अच्छा दोस्त रहा है और मुझे पता है कि वह आगे भी ऐसा ही रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि भारत भले ही मित्र देश है लेकिन उन्हें अपने लोगों के पास जाना है।
हालात ऐसे बने नहीं तो देश नहीं छोडती
शेख हसीना ने यह भी कहा कि उन्होंने अपनी इच्छा से बांग्लादेश नहीं छोड़ा था। प्रदर्शनकारियों के प्रधानमंत्री आवास की ओर बढ़ने पर उनके पास वहां से निकलने के लिए सिर्फ 30 से 40 मिनट का समय था। तब उन्हें नहीं पता था कि वे देश छोड़कर जा रही हैं। वह अपने पैतृक गांव तुंगीपाड़ा जाने की तैयारी कर रही थीं, लेकिन हालात ऐसे बने कि देश छोड़ना पड़ा।
हसीना ने चेहरा नहीं दिखाया, सुरक्षा खतरा समेत 3 बड़ी वजह
शेख हसीना के भाषण के समय कैमरा ऑफ था जिसका कारण वह सीक्रेट लोकेशन में हैं। शेख हसीना आखिरी बार 5 अगस्त 2024 को सार्वजनिक रूप से देखी गई थीं, जब वे ढाका से भारत आई थीं। तब से वे सीक्रेट लोकेशन पर रह रही हैं। उन्होंने दो साल बाद वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए अपनी बात रखी, लेकिन चेहरा नहीं दिखाया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कैमरे के सामने आने से उनके बैकग्राउंड, लोकेशन या सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी उजागर होने का खतरा रहता है।
बांग्लादेश सरकार के साथ तनाव नहीं चाहता
बांग्लादेश ने भारत से कहा कि उसकी जमीन से शेख हसीना की राजनीतिक गतिविधियां दोनों देशों के रिश्तों पर असर डाल सकती हैं। इसीलिए भारत के विदेश मंत्रालय ने इस प्राइवेट इवेंट से पूरी तरह अलग कर लिया है। अगर हसीना वीडियो पर आकर कोई बड़ा राजनीतिक संदेश देतीं, तो इसे भारत की तरफ से उन्हें खुला मंच देने के रूप में देखा जाता।
कानूनी दबाव- बांग्लादेश में उन्हें सजा सुनाई जा चुकी है और उनका प्रत्यर्पण मांगा जा रहा है। कैमरे पर आने से कानूनी और कूटनीतिक विवाद और बढ़ सकता था। इसलिए उन्होंने सिर्फ ऑडियो के जरिए संबोधन किया।
हसीना बोलीं- किसी भी हाल में घर लौटूंगी
हसीना ने पत्रकारों के एक सवाल का जवाब देते हुए कहा कि पहले भी कई बार उन्हें रोकने की कोशिश की गई थी, लेकिन उनके विरोधी कामयाब नहीं हो पाए और वह घर लौटने में सफल रहीं। हसीना ने कहा, “मुझे पता है कि वे मुझे जेल में डाल सकते हैं या मार भी सकते हैं, फिर भी मैं घर वापस जाऊंगी। लोगों का समर्थन मेरे लिए बहुत जरूरी है।”
यह भी पढ़ें –नई दिल्ली में शेख हसीना का आज शाम संबोधन, बांग्लादेश सरकार ने की आपत्ति, भारत का रोक से इंकार
यह भी देखें – जयपुर के हरमाड़ा से विकास गायब! जनता ने खोली प्रशासन की पोल | Ground Report | KBP Times


