Narendra Modi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज (13 मार्च) असम और पूर्वोत्तर क्षेत्र में कनेक्टिविटी बेहतर बनाने के उद्देश्य से तीन नई ट्रेन सेवाओं को हरी झंडी दिखाई. इनमें कामाख्या-चारलापल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस शामिल है, जो पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के बीच सीधी रेल कनेक्टिविटी प्रदान करती है. गुवाहाटी-न्यू जलपाईगुड़ी एक्सप्रेस, जो असम और पश्चिम बंगाल के बीच कनेक्टिविटी को बढ़ाती है और नारंगी-अगरतला एक्सप्रेस, जो असम और त्रिपुरा के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाती है और यात्रियों, व्यापारियों और पर्यटकों के लिए राज्यों के बीच यात्रा को और अधिक सुगम बनाती है. उन्होंने कहा कि मौसम खराब होने की वजह से मैं कोकराझार नहीं आ पा रहा हूं. मैं आप सभी का क्षमाप्रार्थी हूं. यहां गुवाहाटी से ही आपसे संवाद संभव हुआ है. मैं दिल्ली से निकला था आपके पास आने के लिए, लेकिन मुझे गुवाहाटी में ही उतरना पड़ा और अब मैं यहां से आपके दर्शन भी कर रहा हूं और आपसे बात भी कर रहा हूं.
4,500 करोड़ के प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास-लोकापर्ण
पीएम मोदी (Narendra Modi) ने आगे कहा कि जहां भी मेरी नजर पहुंच रही है, मुझे लोग ही लोग नजर आ रहे हैं और इतनी बड़ी संख्या में माताएं-बहनें भी आशीर्वाद देने आई हैं. आपका ये प्यार मुझ पर कर्ज की तरह है और मेरा हमेशा प्रयास रहा है कि इस कर्ज को मैं आपकी सेवा करके और इस क्षेत्र का विकास करके चुकाऊं. उन्होंने कहा कि भाजपा-NDA की डबल इंजन सरकार भी असम की विरासत के संरक्षण और असम के तेज विकास के लिए निरंतर काम कर रही है. आज यहां इस कार्यक्रम में ही इस क्षेत्र के विकास के लिए 4,500 करोड़ रुपये से अधिक के प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास और लोकापर्ण हुआ है. इसमें से 1,100 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि बोडोलैंड की सड़कों के लिए खर्च होने जा रही है. असम माला अभियान के तीसरे चरण से असम की रोड़ कनेक्टिविटी और अधिक सशक्त होगी.
यह भी पढ़ें: ‘महिलाओं को कोई काम पर नहीं रखेगा…’ पीरियड्स लीव वाली याचिका पर SC का सुनवाई से किया इनकार
“असम शांति और विकास का नया अध्याय लिख रहा है”
प्रधानमंत्री (Narendra Modi) ने कहा कि कोकराझार सहित इस पूरे क्षेत्र ने बीते दशकों में बहुत कुछ सहा था, बहुत कुछ खोया था. हमने वो मुश्किल समय देखा है, जब इन पहाड़ियों में बम-बंदूक की ही गूंज सुनाई देती थी. लेकिन आज ये तस्वीर बदल रही है. आज बोडोलैंड शांति और विकास की राह पर चल पड़ा है आज असम शांति और विकास का नया अध्याय लिख रहा है. दशकों तक बोडोलैंड का क्षेत्र कांग्रेस के विश्वासघात का साक्षी रहा है. बोडोलैंड की अनेक पीढ़ियों को कांग्रेस ने झूठे सपनों में उलझाए रखा. दिल्ली में बैठी कांग्रेस की सरकारों ने सिर्फ दिखावे के लिए कागजी समझौते किए. जब आपने देश और असम दोनों जगह से कांग्रेस को खदेड़ा और भाजपा-NDA को अवसर दिया, तो हमने ईमानदारी से प्रयास शुरू किए. कांग्रेस जहां अपनी स्वार्थी राजनीति के लिए अलग-अलग समुदायों में फूट डाल देती थी, वहां भाजपा ने स्थायी शांति के लिए काम किया. इसी सोच के साथ बोडो शांति समझौता किया गया. इस समझौते में पहली बार सभी प्रमुख संगठनों और समूहों को एक साथ लाया गया.
“कांग्रेस झूठे वायदों की दुकान है”
पीएम मोदी (Narendra Modi) ने कहा कि कांग्रेस झूठे वायदों की दुकान है और एक झूठे वादे के साथ 4 सुपर झूठ गिफ्ट में देती है. क्योंकि उन वादों को पूरा करने का कांग्रेस का इरादा ही नहीं होता. वहीं आपके सामने भाजपा-NDA का मॉडल है. हमारी डबल इंजन सरकार ने जो भी कहा, उसको सच करने की ईमानदार कोशिश की है.



