Noida Factory Workers Protest: नोएडा के फैक्ट्री श्रमिकों ने आज मंगलवार को फिर से प्रदर्शन शुरू कर दिया. नोएडा के सेक्टर 70,80 और 120 में फिर पुलिस और प्रदर्शनकारी आमने-सामने आ गए. पुलिस ने तुरन्त एक्शन लेते हुए उपद्रवियों को मौके से खदेड़ दिया. कुछ लोगों ने पुलिस पर भी पत्थरबाजी की. फिलहाल भारी संख्या में पुलिस बल तैनात है और स्थिति नियंत्रण में है.
योगी सरकार ने बढ़ाई न्यूनतम सैलरी
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने न्यूनतम वेतन दरों में संशोधन को मंजूरी दे दी है. नोएडा में कर्मचारियों के उग्र प्रदर्शन के बाद योगी सरकार ने यह फैसला लिया है. ये नई अंतरिम दरें 1 अप्रैल से लागू कर दी गई है. सोमवार देर रात सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर गठित हाई पावर कमेटी की सिफारिश पर सरकार ने न्यूनतम मजदूरी में अंतरिम वृद्धि का ऐलान किया है. सरकार की ओर से साफ निर्देश दिया गया है कि कोई भी कंपनी इन तय दरों से कम वेतन नहीं दे सकेगी. गौतमबुद्ध नगर और गाजियाबाद में अब अकुशल श्रमिकों को 11,313 की जगह 13,690 रुपये प्रति माह मिलेंगे. अर्धकुशल श्रमिकों को 15, 059 और कुशल श्रमिकों को 16, 868 रुपये प्रति माह दिए जाएंगे. अन्य नगर निगम क्षेत्रों के लिए संशोधित मासिक वेतन अकुशल श्रमिकों के लिए 13,006 रुपये, अर्धकुशल श्रमिकों के लिए 14,306 रुपये और कुशल श्रमिकों के लिए 16,025 रुपये तय किया गया है. जबकि बाकी जिलों में अकुशल श्रमिकों को 12,356 रुपये प्रति माह, अर्धकुशल श्रमिकों को 13,591, कुशल श्रमिकों को 15,224 प्रति माह मिलेंगे.
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200 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया
सैलरी में बढ़ोतरी की मांग को लेकर सोमवार को श्रमिकों ने जगह-जगह जमकर बवाल काटा. पुलिस ने 200 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया साथ ही 60 लोगों पर केस दर्ज हुआ है. वहीं व्हाट्सएप ग्रुप की भी जांच की जा रही है. खास बात यह है कि इस प्रदर्शन का कोई चेहरा या लीडर नहीं था. 18 से 30 साल के युवा हिंसक प्रदर्शन कर रहे थे.
कैसे हुई प्रदर्शन की शुरुआत?
नोएडा के फेज-2 के इंडस्ट्रियल एरिया में मदरसन, ऋचा ग्लोबल, रेनबो, पैरामाउंट, एसएनडी और अनुभव कंपनियों के 1000 से ज्यादा कर्मचारी सैलरी बढ़ाने को लेकर पिछले 3 दिन से प्रदर्शन कर रहे थे. करीब 500 कर्मचारी मदरसन कंपनी के बाहर जुटे थे. सबसे पहले यहीं हिंसा हुई. सोमवार को सुनवाई न होने से आक्रोशित कर्मचारियों ने पथराव शुरू कर दिया और कई गाड़ियों में आग लगा दी. पुलिस ने रोकने की कोशिश की तो प्रदर्शनकारियों ने पुलिस वाहनों को भी नुकसान पहुंचाया. धीरे-धीरे यह प्रदर्शन नोएडा के अन्य इलाकों में फैल गया. सेक्टर-57 में 30 से अधिक फैक्ट्रियों और दफ्तरों में तोड़फोड़ की गई, जबकि सेक्टर-40, 60 और 85 में कंपनियों का घेराव किया गया. सेक्टर-1, 15, 62 और DND फ्लाईओवर के पास जाम लगाकर कर्मचारियों ने विरोध जताया. हालात को काबू में करने के लिए RAF और PAC की तैनाती की गई. नोएडा आंत्रप्रेन्योर एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन मल्हन के मुताबिक करीब 350 से ज्यादा इंडस्ट्री में तोड़फोड़ और 150 वाहन तोड़े गए हैं.



