Marco Rubio India Visit: अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो आज (25 मई) आगरा में ताजमहल देखने पहुंचे हैं. दिल्ली से रवाना होने से पहले US नेटवर्क पूल वाया रॉयटर्स से बातचीत के दौरान मार्को रूबियो ने कई मुद्दों पर बातचीत की. ईरान के मुद्दे पर मार्को रूबियो ने कहा कि अभी काम चल रहा है, शायद कल रात तक या फिर शायद आज हमें कुछ ख़बर मिल जाएगी. तो हमारे पास मेरे हिसाब से, एक काफ़ी ठोस प्रस्ताव है- जिसमें ईरान की जलडमरूमध्य को खोलने की क्षमता, उसे खुला रखना, और परमाणु मामलों पर एक बहुत ही वास्तविक, महत्वपूर्ण और समय-सीमा वाली बातचीत में शामिल होना शामिल है और उम्मीद है कि हम इसे पूरा कर पाएंगे. इसे खाड़ी देशों में काफ़ी समर्थन मिल रहा है और दुनिया भर में भी इसे काफ़ी समर्थन प्राप्त है.
अमेरिकी विदेश मंत्री ने ईरान से समझौते को लेकर आगे कहा कि हर वह देश, जिससे हमने इस बारे में बात की है, यह समझता है कि यह न केवल बहुत ही तर्कसंगत है, बल्कि दुनिया के लिए यह एक सही कदम भी है. जैसा कि राष्ट्रपति ने कहा है, उन्हें कोई जल्दी नहीं है, वह कोई बुरा सौदा नहीं करेंगे. मेरा मतलब है, राष्ट्रपति कोई बुरा समझौता नहीं करेंगे. तो चलिए देखते हैं कि आगे क्या होता है. कोई भी दूसरा विकल्प आज़माने से पहले, हम कूटनीति को सफल होने का हर संभव मौका देंगे.
“हथियारबंद आतंकवादी गुट काम कर रहे हैं”
वहीं जब मार्को रूबियो से पूछा गया कि क्या भारतीय पक्ष ने अमेरिका-ईरान विवाद में पाकिस्तान की मध्यस्थ की भूमिका को लेकर कोई चिंता जताई, इसपर उन्होंने कहा कि ज़ाहिर है, वे हमेशा इस बारे में चिंतित रहते हैं. भारत हमेशा इस बात की ओर इशारा करता रहा है कि पाकिस्तान की ज़मीन से कुछ हथियारबंद आतंकवादी गुट काम कर रहे हैं, जो भारत को निशाना बनाते हैं. वे हमेशा इस बात को लेकर चिंतित रहते हैं. लेकिन जहां तक ईरान के मामले में उनकी मध्यस्थ और सूत्रधार की भूमिका का सवाल है, तो इस पर कभी कोई बात नहीं हुई. मुझे नहीं लगता कि वे इस बारे में कोई शिकायत करेंगे. मेरा मतलब है, पाकिस्तान के साथ उनका मुद्दा कुछ और ही है.
“ताजमहल दुनिया के अजूबों में से एक है”
वहीं ताजमहल की यात्रा पर अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने कहा कि मैं वहां कभी नहीं गया. मुझे तो बस न्यू जर्सी वाले ताजमहल के बारे में पता था, जो कभी राष्ट्रपति का हुआ करता था. यह दुनिया के अजूबों में से एक है. मेरा मानना है कि आप जिन देशों की यात्रा करते हैं, वहां की संस्कृति का सम्मान करना बहुत ज़रूरी है. हमारे कार्यक्रम में थोड़ा खाली समय था, क्योंकि ‘क्वाड’ की बैठक कल तक नहीं हो सकती थी. इसलिए, यहां के कुछ सांस्कृतिक स्थलों को देखने और इस देश के प्रति सम्मान व्यक्त करने का यह एक अच्छा अवसर था. यहां देखने के लिए बहुत कुछ है, यह एक विशाल देश है, जिसमें बहुत ज़्यादा विविधता और एक शानदार इतिहास है. इसलिए, इस देश की एक ऐसी पहचान को देखने का यह एक बेहतरीन मौका होगा, जो इसकी शान है.
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