Gangster Sahil Chauhan Arrest: केंद्रीय जांच एजेंसी(CBI) को मोस्ट वांटेड भगोड़े आरोपी साहिल चौहान को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता मिली है. सीबीआई ने यह कार्रवाई विदेश मंत्रालय और गृह मंत्रालय के साथ मिलकर इंटरपोल चैनलों के माध्यम से की है. हरियाणा का कुख्यात अपराधी साहिल चौहान कई सालों से फरार चल रहा था, वो हरियाणा पुलिस की मोस्ट वांटेड लिस्ट में शुमार है. सीबीआई के मुताबिक, 10 अप्रैल को साहिल चौहान को थाईलैंड से डिपोर्ट कर भारत लाया गया है. साहिल पर हत्या का प्रयास, डकैती और अवैध हथियारों के इस्तेमाल जैसे कई गंभीर मामलों में वांछित था. वो हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ में सक्रिय भुप्पी राणा गैंग का प्रमुख सदस्य माना जाता है. आरोपी को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की वांटेड सूची में भी शामिल था.
साहिल चौहान को मिली थी 10 साल की सजा
बता दें कि 4 जनवरी 2017 को यमुनानगर के जगाधरी कोर्ट परिसर में गैंगवार के दौरान साहिल चौहान ने मोनू राणा पर फायरिंग की थी. मोनू राणा को एक केस की सुनवाई के लिए कोर्ट में लाया गया था. इस मामले में उसके खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई थी और कोर्ट ने उसे 10 साल की सजा सुनाई थी. कोर्ट से जमानत मिलने के बाद साहिल चौहान फरार हो गया था और विदेश में छुपकर रहने लगा. जो लंबे समय से हरियाणा पुलिस के लिए सिरदर्द बना था. हरियाणा पुलिस के अनुरोध पर नई दिल्ली स्थित इंटरपोल की राष्ट्रीय केंद्रीय इकाई ने साहिल के खिलाफ रेड नोटिस जारी किया था. जिसके बाद बैंकॉक में साहिल की लोकेशन ट्रेस की गई और उसे डिपोर्ट कर भारत लाया गया.
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हरियाणा पुलिस ने साहिल को हिरासत में लिया
दिल्ली इंदिरा गांधी एयरपोर्ट पर पहुंचने के बाद हरियाणा पुलिस की टीम ने आरोपी साहिल चौहान को हिरासत में ले लिया. सीबीआई भारत में इंटरपोल की राष्ट्रीय केंद्रीय ब्यूरो के रूप में कार्य करती है और भारतपोल प्लेटफॉर्म के जरिए देश की सभी कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ समन्वय करती है. CBI के अनुसार, पिछले कुछ सालों में इंटरपोल के सहयोग से करीब 150 अपराधियों को विदेशों से भारत वापस लाया जा चुका है.
“2016 से अपराधों में संलिप्त है आरोपी”
गुरुग्राम में मीडिया से बातचीत के दौरान हरियाणा STF प्रमुख सतीश बालन ने बताया कि हरियाणा STF ने इसे हिरासत में ले लिया है. 2016 से अपराधों में संलिप्त है. इसपर 16 मामले दर्ज हैं जिसमें हत्या, हत्या के प्रयास से जुड़े मामले भी शामिल हैं. 2024 में यह ज़मानत पर बाहर था, जिस दौरान यह नकली दस्तावेज बनाकर ढाका भाग गया. वहां से यह कई देश घुमा है. इसे थाईलैंड एयरपोर्ट पर पकड़ा गया और नई दिल्ली डिपोर्ट किया गया.



