KBP Times

दिल्ली से फोन… जयपुर में धरना, क्या यही कांग्रेस का एजेंडा?

Rahul Gandhi and congress

– मुकेश मिश्रा की कलम से ..

Rahul Gandhi-Congress : एक तरफ त्योहार का माहौल… दूसरी तरफ जनता की सुरक्षा में जुटी पुलिस… और इसी बीच जयपुर में कांग्रेस का सियासी संग्राम!… दिल्ली में विवाद हुआ… राहुल गांधी ने फोन घुमाया… और राजस्थान कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा सीधे जयपुर पुलिस कमिश्नरेट पहुंच गए!… साथ में नेताओं की फौज… बाहर कार्यकर्ताओं की नारेबाजी… बैरिकेडिंग पर पुलिस से झड़प… और फिर कमिश्नरेट में रातभर धरना!…

ये शक्ति प्रदर्शन कितना जिम्मेदाराना है?.

अब सवाल बड़ा है!… क्या राहुल गांधी का निर्देश मिलते ही राजस्थान कांग्रेस के लिए बाकी सारी प्राथमिकताएं पीछे छूट जाती हैं?… क्या दिल्ली के मामले में जयपुर पुलिस पर दबाव बनाना जरूरी था?… जब पुलिस को त्योहार में जनता की सुरक्षा संभालनी है… तब नेताओं का ये शक्ति प्रदर्शन कितना जिम्मेदाराना है?…रितु बराला को न्याय मिलना चाहिए… लेकिन न्याय की मांग के नाम पर पुलिस से टकराव आखिर किस बात का?… सवाल ये भी है कि ये इंसाफ की लड़ाई है… या राहुल गांधी की नजरों में राजनीतिक नंबर बढ़ाने की कवायद? मामला 13 अक्टूबर का है… जब दिल्ली में NSUI के प्रदर्शन के दौरान रितु बराला और एक महिला पुलिसकर्मी के बीच विवाद हुआ… रितु ने पुलिसकर्मियों पर मारपीट के आरोप लगाए… मामला राहुल गांधी तक पहुंचा… और राहुल ने डोटासरा से फोन पर बात करके FIR दर्ज कराने को कहा… बस फिर क्या था!… प्रदेश कांग्रेस का नेतृत्व जयपुर पुलिस कमिश्नरेट पहुंच गया… डोटासरा, प्रताप सिंह खाचरियावास, रफीक खान और दूसरे नेताओं ने मोर्चा संभाल लिया…

शिकायत का समाधान राजनीतिक प्रतिष्ठा का सवाल

अब कांग्रेस बताए… क्या राहुल गांधी का फोन आते ही किसी शिकायत का समाधान राजनीतिक प्रतिष्ठा का सवाल बन जाता है?… क्या कानून अपना रास्ता नेताओं के अल्टीमेटम से तय करेगा?
त्योहार के दौरान पुलिस की जिम्मेदारी कई गुना बढ़ जाती है… बाजारों की सुरक्षा… भीड़ नियंत्रण… ट्रैफिक व्यवस्था… और कानून व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती…लेकिन जयपुर पुलिस कमिश्नरेट के बाहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन शुरू हो गया… नारेबाजी हुई… बैरिकेडिंग से हटाए जाने के दौरान पुलिस से झड़प भी हुई… जनता की सुरक्षा में लगी पुलिस को राजनीतिक टकराव में उलझाना किस जिम्मेदार राजनीति का उदाहरण है?… क्या कांग्रेस नेतृत्व अपने कार्यकर्ताओं से शांतिपूर्ण प्रदर्शन नहीं करवा सकता था?…पुलिस जनता की सुरक्षा के लिए है… किसी पार्टी की राजनीतिक ताकत आजमाने के लिए नहीं!….राहुल गांधी ने फोन किया… डोटासरा सक्रिय हुए… और पूरी रात पुलिस कमिश्नरेट में डेरा डाल दिया!… ऐसा लग रहा है मानो कांग्रेस ने एक शिकायत को अपनी राजनीतिक प्रतिष्ठा की लड़ाई बना लिया हो!…

राजनीतिक सक्रियता दिखाने की इतनी बेचैनी क्यों?

आखिर राहुल गांधी को अपनी राजनीतिक सक्रियता दिखाने की इतनी बेचैनी क्यों?… जनता से जुड़े तमाम मुद्दों के बीच एक फोन पर पूरा प्रदेश नेतृत्व पुलिस कमिश्नरेट पहुंच जाता है… तो क्या कांग्रेस अपने आंदोलन की प्राथमिकताएं दिल्ली से आने वाले आदेशों के हिसाब से तय करती है?……और डोटासरा जो कि प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष हैं… वो भी दिल्ली नेतृत्व का हर निर्देश पूरा करने की होड़ में लगे हैं?…वो शायद ये भूल गये की पुलिस पर दबाव से नहीं, कानून से मिलेगा न्याय………वहीं जयपुर पुलिस के सामने भी ये बड़ी चुनौती है… एक तरफ त्योहार की सुरक्षा… दूसरी तरफ कमिश्नरेट के बाहर ही प्रदर्शन और राजनीतिक दबाव…डोटासरा ने FIR दर्ज होने तक नहीं हटने की बात कही… कांग्रेस ने आंदोलन और जाम की चेतावनी भी दी… लेकिन कांग्रेस को ये भी जवाब देना होगा… क्या पुलिस को अल्टीमेटम देकर जांच का रास्ता तय किया जा सकता है?… क्या कार्यकर्ताओं का पुलिस से भिड़ना लोकतांत्रिक विरोध का सही तरीका है?… नेताओं को भी तो कानून का पालन करना होगा…!

राहुल गांधी के सामने वफादारी साबित करने की होड़

राहुल गांधी का फोन… डोटासरा का धरना… कांग्रेस नेताओं की भीड़… और जयपुर पुलिस कमिश्नरेट में रातभर सियासी घमासान!…सवाल सिर्फ FIR का नहीं… सवाल राजनीति की नीयत और तरीके का भी है!…..क्या एक छात्र नेता के आरोपों को लेकर पूरी कांग्रेस शक्ति प्रदर्शन कर रही है?… क्या राहुल गांधी के सामने वफादारी साबित करने की होड़ है?… और सबसे बड़ा सवाल… त्योहार के मौके पर पुलिस व्यवस्था को चुनौती देकर आखिर कांग्रेस जनता को क्या संदेश देना चाहती है?…..क्योंकि लोकतंत्र में विरोध करने का अधिकार जरूर है… लेकिन विरोध के नाम पर कानून व्यवस्था को मुश्किल में डालने का अधिकार किसी को नहीं!….जनता पूछ रही है… कांग्रेस को इंसाफ चाहिए… या सियासी प्रदर्शन का मौका?

त्योहारी सीजन में पर्यटकों से गुलजार हुआ Jaipur | Hawa Mahal से Amer Fort तक भारी भीड़ | KBP Times

 

ताजा खबरें

ताजा खबरें

Rahul Gandhi and congress

दिल्ली से फोन… जयपुर में धरना, क्या यही कांग्रेस का एजेंडा?

Strike Against Adulteration

मिलावट पर वार; केंद्रीय खाद्य सुरक्षा दल की झोटवाड़ाऔर मुहाना मंडी की फर्मों पर कार्रवाई

CJP and Delhi High Court

दिल्ली कोर्ट ने आशुतोष-सौरव की न्यायिक हिरासत दो दिन बढ़ाई; CJP का रिहाई में जानबूझकर देरी का आरोप

Pratap singh Khachriyawas

जयपुर में प्रताप खाचरियावास का आरोप- VLTD डिवाइस के नाम पर 1000 करोड़ का घोटाला

Shashi Tharoor MP

कांग्रेस सांसद थरूर बोले- हमारा मकसद SIR प्रक्रिया को वापस लेना, सरकार गिराना टारगेट नही

Delhi High Court

दिल्ली हाईकोर्ट ने दी दुष्कर्म की नाबालिग पीड़िता को गर्भपात की इजाजत

Cartoon

मास्टर जी सावधानी रखना…

selection commettee

BCCI में फेरबदल; प्रज्ञान ओझा चीफ सिलेक्टर बने, कमेटी में रमेश पोवर को किया शामिल

Questions of Oppositions

सत्ता से सवाल पूछने वाले खुद पर आरोपों का जवाब देंगे कब ?

2

2