Mamta Banarji : तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी ने पार्टी का सिंबल और नाम फ्रीज किए जाने के बाद चुनाव आयोग पर जमकर हमला बोला और इसे लोकतंत्र के इतिहास का काला दिन करार दिया. वहीं, नंदीग्राम विधानसभा चुनाव से टीएमसी की उम्मीदवार संचिता प्रधान डे द्वारा नामांकन वापस लेने के बाद ममता बनर्जी ने कांग्रेस के उम्मीदवार को समर्थन करने का ऐलान किया. ममता बनर्जी ने कहा कि इंडिया गठबंधन के प्रति हमारी एकजुटता है. नंदीग्राम में, इंडिया गठबंधन के व्यापक हित में हम कांग्रेस पार्टी का समर्थन करेंगे.
मिठाइयां बांटने वाले पक्षपाती व्यक्ति
ममता बनर्जी ने कहा कि चुनाव जीतने के बाद मिठाइयां बांटने वाले इस पक्षपाती व्यक्ति के मामले में, सिर्फ यह अंतरिम आदेश ही क्यों आया जो कि गैर-क़ानूनी है? नॉमिनेशन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद वे ऐसा क्यों कर रहे हैं? हम वापसी करेंगे. उपचुनाव की वजह से हमने जवाब दिया है. जब तक मैं इस दुनिया में हूं, ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस मेरे साथ रहेगी. मैं इसकी संस्थापक चेयरपर्सन हूं. मैं इसे कभी नहीं छोड़ूंगी
नंदीग्राम में कांग्रेस के उम्मीदवार को समर्थन का ऐलान
उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने टीएमसी को धोखा दिया, उन्होंने साबित कर दिया कि वे टीएमसी से प्यार नहीं करते. जिन्होंने भ्रष्टाचार किया है, उन्होंने यह अपने जोखिम पर किया है. ममता बनर्जी ने कहा कि जिन लोगों ने चार महीने पहले चुनाव जीता था, उनका चुनाव चिह्न अमान्य है. राहुल गांधी ने कल मुझे फोन किया था. केजरीवाल ने भी कल ट्वीट किया था. यह पार्टी गंदी, घिनौनी और घटिया हरकतें करने वाली पार्टी है।
ममता बनर्जी का चुनाव आयोग पर हमला
ममता बनर्जी ने कहा कि चुनाव आयोग ने उद्धव ठाकरे की पार्टी के साथ भी वही किया है. 4,000 ईवीएम मशीनें क्यों जलाई गईं और उनकी जांच क्यों नहीं हुई? उन्होंने एनसीपी और शिवसेना को तोड़ा. भाजपा ने हमें उनका समर्थन करने का प्रस्ताव दिया था, लेकिन देशहित में हमने ऐसा नहीं किया. चुनाव को हाईजैक कर लिया गया.
29 साल पुरानी पार्टी का चिन्ह जब्त
ममता बनर्जी ने कहा कि हमने कभी नहीं सोचा था कि हमारी पार्टी का चुनाव चिह्न और नाम जब्त कर लिया जाएगा. 29 साल पुरानी पार्टी को उन्होंने क्यों जब्त किया? मैंने डच् रहते हुए पार्टी में योगदान दिया था. हमारे समय में कितने ही आयोग बने थे. मुझे डच् डोला सेन से पता चला कि 44 लड़कियों के साथ रेप हुआ और 48 की हत्या कर दी गई. उन्होंने कहा कि पुलिस हमारे सदस्यों को धमका रही है. ये अत्याचार भयानक हैं. इतनी विवादित जीत के बाद भी वे इतने डरे हुए क्यों हैं? मैं नजरबंद हूं. मैं केंद्रीय मंत्री रह चुकी हूं, लेकिन मुझे एक आम नागरिक जैसी आजादी भी नहीं मिल रही है.
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