Ranchi–Delhi Air Ambulance Crash: झारखंड के चतरा जिले के सिमरिया के पास सोमवार शाम को रांची से दिल्ली जा रहा एक एयर एंबुलेंस विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया. इस हादसे में विमान में सवार सभी 7 लोगों की मौत हो गई. रेडवर्ड एयरवेज प्राइवेट लिमिटेड के क्राफ्ट सी90 विमान ने सोमवार शाम को 7 बजकर 11 मिनट पर रांची एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी. जिसके बाद साढ़े 7 बजे विमान अचानक लापता हो गया. विमान चतरा जिले के सिमरिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत करमाटांड़ गांव के पास स्थित घने जंगल में क्रैश हुआ. स्थानीय लोगों ने तेज आवाज और धुंए का गुबार उठते हुए देखा और प्रशासन को सूचना दी. जिसके बाद पुलिस और जिला प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची.
सभी 7 लोगों के शव बरामद
हादसे में पायलट इन कमांड कैप्टन विवेक विकास भगत और को-पायलट कैप्टन सवराजदीप सिंह की मौत हो गई. उनके अलावा मरीज संजय कुमार, परिचारिका अर्चना देवी और धुरु कुमार, डॉ. विकास कुमार गुप्ता और पैरामेडिक सचिन कुमार मिश्रा ने भी जान गंवा दी. विमान में सवार सभी सात लोगों के शव बरामद कर लिए गए हैं. बता दें कि लातेहार जिले के चंदवा के रहने वाले संजय कुमार का शरीर करीब 65 प्रतिशत जल गया था. उन्हें 16 फरवरी को देवकमल अस्पताल में भर्ती कराया गया था. उनके परिवार ने बेहतर इलाज के लिए उन्हें दिल्ली के एक मेडिकल सेंटर में ट्रांसफर करने का फैसला किया. जिसके बाद सोमवार शाम को साढ़े 4 बजे के करीब अस्पताल से उन्हें छुट्टी दे दी गई. इसके बाद एयर एंबुलेंस से ले जाने के लिए एयरपोर्ट लाया गया. विमान ने एयरपोर्ट से उड़ान भरने के लगभग 20 मिनट बाद ही एटीसी से संपर्क खो दिया था. जिसके वजह खराब मौसम हो सकता है. हालांकि जांच के बाद ही दुर्घटना के सही कारणों का पता चल सकेगा. संजय कुमार के परिजनों का कहना है कि उन्होंने 8 लाख का लोन लेकर एयर एंबुलेंस बुुक किया था.
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“परिवार को लगा कि दिल्ली में बेहतर इलाज मिल सकता है”
देवकमल अस्पताल के निदेशक डॉ. अनंत सिन्हा ने चतरा में एयर एम्बुलेंस क्रैश पर कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है. संजय कुमार (41) लातेहार ज़िले के चंदवा के रहने वाले थे और वह एक व्यवसायी थे. 16 तारीख को वह पेट्रोलियम पदार्थ का कुछ कर रहे थे, जब गलती से आग पकड़ लिया और उन्हें झुलसने के साथ हमारे पास लाया गया. हमने लगभग 60-65% जलने का निदान किया और उनका आईसीयू में इलाज चल रहा था. उनकी हालत में सुधार हो रहा था, लेकिन परिवार को लगा कि उन्हें दिल्ली में बेहतर इलाज मिल सकता है. उन्होंने हमसे बात की और हमने उन्हें नहीं रोका.
“भारत सरकार क्या कर रही है?”
स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने चतरा में हुए एयर एम्बुलेंस क्रैश पर कहा कि भारत सरकार क्या कर रही है? अहमदाबाद, बारामती और अब यहां प्लेन क्रेश हो गया, तो जवाबदेही किसकी है? दूसरा सबसे बड़ा मुद्दा कि हमारे यहां झारखंड में अच्छा अस्पताल नहीं है, अस्पताल के अभाव में दूसरे राज्य में इलाज के लिए जाते हैं.



