Iran-Israeil war update: ईरानी हमले में जॉर्डन में तैनात अमेरिकी रडार सिस्टम THAAD तबाह हो गया है। इसे अमेरिका का बडा नुकसान माना जा रहा है। अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग का आज आठवां दिन है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार ईरान ने बीते एक हफ्ते में सऊदी अरब, यूएई और जॉर्डन में तैनात अमेरिका के टर्मिनल हाई एल्टीट्यूड एरिया डिफेंस (THAAD )सिस्टम को निशाना बनाया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इन हमलों में जॉर्डन के ‘मुवफ्फाक साल्टी एयर बेस’ पर लगे THAAD का राडर सिस्टम तबाह हो गया है। इस रडार सिस्टम की कीमत 2700 करोड़ रुपए (300 मिलियन डॉलर) थी। यह रडार थाड सिस्टम का अहम हिस्सा होता है और दुश्मन की बैलिस्टिक मिसाइलों को पहचानने और ट्रैक करने का काम करता है। अमेरिका के पास सिर्फ 7-8 थाड सिस्टम ही मौजूद हैं, इसलिए इसे बड़ा सैन्य नुकसान माना जा रहा है। एक थाड सिस्टम की कीमत 22 हजार करोड़ रुपये तक होती है।
यह भी पढ़ें : आज रात ईरान पर सबसे बड़ा हमला करने की तैयारी में अमेरिका
ईरान का युद्धपोत भारत में रुका
ईरान का एक युद्धपोत IRIS लावन भारत के कोच्चि बंदरगाह पर रुका हुआ है। सरकारी सूत्रों के हवाले से बताया कि ईरान ने 28 फरवरी को तकनीकी खराबी आने के बाद भारत से मदद मांगी थी। भारत ने 1 मार्च को जहाज को कोच्चि में डॉक करने की अनुमति दी और इसके बाद 4 मार्च को यह बंदरगाह पर पहुंच गया। जहाज के 183 क्रू मेंबर फिलहाल कोच्चि में भारतीय नौसेना की सुविधाओं में ठहरे हुए हैं। IRIS लावन हाल ही में भारत में आयोजित इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू 2026 और मिलान 2026 नौसैनिक अभ्यास में शामिल हुआ था, जो 15 से 25 फरवरी के बीच आयोजित हुए थे। इससे पहले अमेरिका ने भारत से लौट रहे ईरानी युद्धपोत इरीस देना को श्रीलंका के पास हमला कर डुबा दिया था। हमले में 87 ईरानी नौसैनिक मारे गए।
यह भी देखें : करबला से शुरू हुआ शिया-सुन्नी विवाद? | इमाम हुसैन की शहादत और मध्य-पूर्व की राजनीति



