Rajasthan News: राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राजस्थान क्रिकेट एसोशिएशन(RCA) की एडहॉक कमेटी में हाल ही में किए गए बदलावों को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा पर निशाना साधा. उन्होंने बीजेपी सरकार पर दोहरे मापदंड अपनाने और परिवारवाद को बढ़ावा देने का आरोप लगाया. टीकाराम जूली के आरोपों पर राजस्थान सरकार के मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने पलटवार किया है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस के लोगों में बयान देने की एक प्रतिस्पर्धा हो गई है. वे बयान देते समय ये भी नहीं सोचते कि हम किस आधार पर इस बयान को जारी कर रहे हैं.
“क्यों तिलमिलाते हो आप इन छोटी-छोटी चीजों पर”
मंत्री बेढम ने आगे कहा कि नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कल RCA में बनी एडहॉक कमेटी पर सवाल उठाया. जबकि अशोक गहलोत ने अपनी सरकार के दौरान एक वरिष्ठ नेता रामेश्वर डूडी को दरकिनार कर अपने बेटे को RCA का अध्यक्ष बनवाया. लोकतांत्रिक प्रक्रिया भी नहीं थी, डूडी ने पैदल मार्च किया,बैरिकेड तक आए, उनको इतना सदमा लगा कि वो विचार करते-करते कोमा में चले गए. कांग्रेस के लोगों को पश्चाताप भी नहीं हुआ कि हमने एक वरिष्ठ नेता को जबरदस्ती एक बीमारी की ओर धकेल दिया. RCA पर अशोक गहलोत के बेटे ने कब्जा कर लिया. हमारी सरकार ने एडहॉक कमेटी उन लोगों में से बनाई है जो खेल के प्रति चिंता करते हैं, जो खेल के प्रति पूरी तरह सजग हैं और विभिन्न जिला क्रिकेट संघों के संयोजक हैं या अध्यक्ष हैं. क्योंकि आपको(टीकाराम जूली) तो कोई ना कोई बयान जारी करना है क्यों तिलमिलाते हो आप इन छोटी-छोटी चीजों पर. आप लोग उस कहावत को चरितार्थ करते है कि 100 चूहे खाकर बिल्ली हज को चली. भारतीय जनता पार्टी का शासन पूरी पारदर्शिता से चल रहा है.
यह भी पढ़ें: रसोई गैस सिलेंडरों की किल्लत जारी, बुकिंग के 20 दिन बाद भी सिलेंडर घर नहीं पहुंचे
क्या बोले थे टीकाराम जूली?
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राजस्थान क्रिकेट एसोशिएशन(RCA) की एडहॉक कमेटी में किए गए बदलावों को लेकर सवाल खड़े किए थे. उन्होंने सीएम भजनलाल शर्मा को घेरते हुए सरकार पर परिवारवाद का बढ़ावा देने का आरोप लगाया था. उन्होंने कहा कि सुबह तक परिवारवाद के खिलाफ नैतिकता की बातें करने वाली सरकार शाम होते-होते बीजेपी नेताओं के बेटों को पद देकर ही अपने ही बयानों से मुकर गई. जूली ने तंज कसते हुए कहा कि सुबह का भूला अगर शाम को घर आ जाए तो उसे भूला नहीं कहते, लेकिन जो सुबह का बोला शाम तक भूल जाए,उसे क्या कहा जाए. उन्होंने मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि जिनके घर शीशे के होते हैं उन्हें दूसरों पर पत्थर फेंकने की राजनीति नहीं करनी चाहिए. उन्होंने आरोप लगाया कि राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन, जो प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने का मंच होना चाहिए. उसे अब बीजेपी नेताओं के बेटों के लिए लॉन्च पैड बना दिया गया है.



