Bihar Temple Stampede:बिहार के नालंदा जिले के मघड़ा में शीतलाष्टमी मंदिर में भगदड़ मचने से 8 महिलाओं की मौत हो गई और करीब छह से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं. घटना को लेकर कांग्रेस नेता अखिलेश प्रसाद सिंह की प्रतिक्रिया आई है. यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना है, सरकार को ऐसे मौकों पर ज्यादा सचेत रहना चाहिए. प्रशासन की ढीलाई के कारण यह सब हुआ है. जिन लोगों की जान गई, सरकार को उनके परिवारों को मुस्तैदी से मुआवजा देना चाहिए.
“बिहार में कुर्सी के खेल में लोग व्यस्त हैं”
RJD नेता मृत्युंजय तिवारी ने कहा कि नालंदा नें अत्यंत ही दुखद घटना घटी है, भगदड़ में एक मंदिर में जिस तरह से 8 लोगों की जान चली गई और जो लोग गंभीर रूप से घायल हैं इसके लिए सीधे तौर पर शासन, प्रशासन में बैठे लोग जिम्मेदार हैं. यह प्रशासन की लापरवाही का नतीजा है, इसकी जांच होनी चाहिए. कौन दोषी है उसपर कार्रवाई होनी चाहिए. बिहार में कुर्सी के खेल में लोग व्यस्त हैं और यहां इस तरह लोगों की जान जा रही है. बिहार में क्या हो रहा है?
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“इलाज का खर्च सरकार वहन करेगी”
बिहार के मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि मंदिर मेले में मची भगदड़ में आठ लोगों के मारे जाने की खबर है. यह एक हृदयविदारक घटना है. मुख्यमंत्री ने इस घटना का संज्ञान लिया है. उन्होंने अधिकारियों को सभी राहत कार्य शुरू करने के निर्देश दिए हैं. मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार, सभी शोक संतप्त परिवारों को आपदा राहत कोष से 4 लाख रुपये और मुख्यमंत्री राहत कोष से 2 लाख रुपये (प्रत्येक परिवार को) की अनुग्रह राशि दी जाएगी. इस तरह सभी परिवारों को कुल 6 लाख रुपये मिलेंगे. घायलों के इलाज का खर्च सरकार वहन करेगी.
“भगदड़ के कारणों की भी जांच होगी”
बिहार भाजपा अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि नालंदा के शीतला माता मंदिर में चैत्र के अंतिम मंगलवार को काफी भीड़ उमड़ी जिससे भगदड़ मच गई, कई श्रद्धालुओं की मौत हुई. हम उनके प्रति संवेदना व्यक्त करते हैं, जो घायल हैं उनका सरकार समुचित इलाज करा रही है. आयुक्त को घटनास्थल पर भेजा गया है. मुख्य सचिव को जांच के आदेश दिए गए हैं उसमें भगदड़ के कारणों की भी जांच होगी. जांच की रिपोर्ट आने पर त्वरित गति से कार्रवाई होगी.



