Lenskart Bindi & Tilak Controversy: चश्मे की कंपनी लेंसकार्ट को लेकर विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है. यूपी, एमपी छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र समेत कई राज्यों में प्रदर्शन हो रहे हैं. हिंदू संगठनों से जुड़े लोग कई शहरों के लेंसकार्ट स्टोर में जाकर कर्मचारियों को तिलक लगा रहे और कलावा बांध रहे हैं. इसी बीच बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने यूपी के प्रयागराज में हनुमंत कथा के दौरान लेंसकार्ट कंपनी को चेतावनी दी. उन्होंने कहा कि एक कंपनी है उसका नाम लेंसकार्ट है, उसने अपनी कंपनी के वर्करों को बोला है कि हमारे यहां तिलक लगा के नहीं आ सकते, मंगलसूत्र पहन के नहीं आ सकते, सिंदूर लगाकर नहीं आ सकते. उन्होंने आगे कहा कि तू अपनी कंपनी लाहौर में खोल ले, भारत में काहे को मर रहा है. आगि के लगे, तेरो कक्का को भारत है का? हां, हमारे तो बाप का भारत है. हां, जिनको तिलक से, चंदन से, वंदन से, राम से, श्याम से, हनुमान से, बाबा बागेश्वर से दिक्कत हो वो पतली गली से लाहौर खिसक लें.
View this post on Instagram
उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में बीजेपी विधायक नंदकिशोर गुर्जर समर्थकों के साथ लेंसकार्ट के स्टोर में पहुंचे. जहां उन्होंने कहा कि लेंसकार्ट के मालिक के माता या पिता मुसलमान होंगे.
मध्य प्रदेश के भोपाल में लेंसकार्ट के स्टोर के बाहर हिंदू उत्सव समिति के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया. स्टोर में घुसकर लेंसकार्ट के कर्मचारियों को तिलक लगाया और कलावा बांधा.
छत्तीसगढ़ के रायपुर में लेंसकार्ट स्टोर में एक संगठन के कार्यकर्ताओं ने कर्मचारियों को टीका लगाया. उन्होंने कर्मचारियों से कहा- लोगों को अपनी पहचान बताइए.
महाराष्ट्र के मुंबई में बीजेपी की महिला नेता इलाही खान ने लेंसकार्ट स्टोर में घुसकर हंगामा किया. स्टोर के मुस्लिम मैनेजर से ड्रेस पॉलिसी को लेकर बहस की.
यह भी पढ़ें: अखिलेश यादव की मां पर टिप्पणी से बढ़ा विवाद, सपा कार्यकर्ताओं ने लखनऊ मेयर की नेम प्लेट पर मारी चप्पल, कालिख भी पोती
लेंसकार्ट कंपनी के वायरल डॉक्यूमेंट में क्या लिखा है?
सोशल मीडिया पर शेयर किए गए ‘ग्रूमिंग गाइड’ के मुताबिक, महिला कर्मचारियों को स्टोर में बिंदी या कल्चर लगाने की अनुमति नहीं है. इसी डॉक्यूमेंट में बुर्का पहनकर स्टोर में काम करने की मनाही की गई है. अगर कोई कर्मचारी हिजाब या पगड़ी पहनता है, तो वह काले रंग का होना चाहिए. हिजाब की लंबाई ऐसी हो कि कंपनी का लोगो न छुपे.
वायरल डॉक्यूमेंट पुराना और गलत
लेंसकार्ट कंपनी के फाउंडर पीयूष बंसल ने 15 अप्रैल को एक्स पर पोस्ट कर बताया कि वायरल डॉक्यूमेंट पुराना है. यह कंपनी की मौजूदा गाइडलाइन नहीं दर्शाता, कंपनी सभी धर्मों का सम्मान करती है.



